हवाई जहाज से यात्रा करना ना सिर्फ सहूलियत भरा होता है बल्कि इससे काफी समय भी बच जाता है। साथ ही यात्रियों की जरूरतों और परेशानियों का ख्याल रखने के लिए फ्लाइट अटेंडेंट्स भी होते हैं। यह सेवा बस या ट्रेन सफर में नहीं मिलती।
वैसे तो हवाई यात्रा से जुड़ी हर जानकारी आपको विमानन कंपनी की वेबसाइट पर या फिर फ्लाइट अटेंडेंट्स से भी मिल जाती है। मगर कुछ बातें ऐसी हैं, जो आपसे छुपाई जाती हैं।
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Flight Attendant
फ्लाइट में हो जाए किसी की मौत
बीच सफर अगर किसी यात्री की तबीयत बिगड़ जाती है तो फ्लाइट अटेंडेंट उनका प्राथमिक उपचार करते हैं। जरूरत पड़ने पर किसी विशेषज्ञ से संपर्क किया जाता है और उनके कहे अनुसार मरीज को दवाई दी जाती है। बहुत दुर्लभ हालातों में भी प्लेन को बीच यात्रा लैंड किया जाता है। अगर इस बीच किसी की मौत हो जाती है तो अन्य यात्रियों को इसकी सूचना नहीं दा जाती। ना ही शव को वहां से हटाया जाता है। डेड बॉडी को बस एक चादर से ढंक दिया जाता है।
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plane
आपके सामान के साथ लाश
फ्लाइट की कार्गो में सिर्फ यात्रियों का सामान ही नहीं बल्कि कई और चीजें भी लादकर ट्रांसपोर्ट की जाती हैं। संभव है कि जिस जगह आपका लगेज रखा गया हो, पास में लाश भी रखकर ले जाई जा रही हो और आपको भनक तक नहीं लगेगी। डेड बॉडी को HR से अंकित किया जाता है। इसका मतलब होता है 'ह्यूमन रीमेंस'।
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गंदगी
एक प्लेन दिनभर में कई उड़ानें भरता है। जब भी एक यात्रा पूरी होती, इसकी सफाई की जाती है। मगर जरूरी नहीं कि सभी टेबल को डिसइंफेक्ट किया गया हो। कई बार एक ही कपड़े से पूरे दिन सारे टेबल साफ किए जाते हैं। अगर किसी ने बच्चे का गंदा डायपर भी उस टेबल पर रखा होगा तो भी उसे उसी कपड़े से साफ किया जाएगा जिससे बाकी को साफ किया गया।
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Flight Attendant
चादर और ट्रे फ्रेश नहीं होते
भले ही एक प्लेन ने दिन भर में कई उड़ानें भरी हों, मगर जरूरी नहीं कि हर बार फ्रेश चादर और खाना सर्व करने वाले ट्रे का इस्तेमाल किया जाता है। जब भी एक यात्रा पूरी होती है और प्लेन को अगली यात्रा के लिए तैयार किया जाता है तो अमूमन इस्तेमाल किए गए चादर को ही चपेत कर रखा जाता है। यही हाल ट्रे का भी होता है। बेहतर होगा आप अपने साथ हैंड सैनिटाइजर का इस्तेमाल करें।
डिम लाइट
अगर रात के वक्त प्लेन को लैंड किया जाता है को अंदर की लाइट डिम (कम) कर दी जाती है। ऐसा इसलिए ताकि अंधेरे में भी निकलने पर यात्रियों को देखने में तकलीफ ना हो। वर्ना अगर प्लेन में तेज रौशनी रहेगी और आपने रात में प्लेन डीबोर्ड किया तो संभव है कि प्लेन से उतरने के बाद कुछ देर तक आपको देखने में परेशानी हो।