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कोच और ये 12 बच्चे उस मौत की गुफा में गए क्यों थे, गर्भवती राजकुमारी से आखिर क्या है कनेक्शन?

Mon, 09 Jul 2018 05:43 PM IST
बीबीसी हिंदी
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Thailand Cave
थाईलैंड की एक गुफा में फसे 12 बच्चों में से रविवार को चार बच्चों को सुरक्षित निकाल लिया गया था और आज एक और बच्चे को बाहर निकाल लिया गया है। बाकी बच्चों और उनके फुटबॉल कोच को निकालने को कोशिश अभी भी जारी है। एक सवाल सबके मन में उठा है कि शनिवार 23 जून को फुटबॉल कोच और ये 12 बच्चे उस मौत की गुफा में गए क्यों थे?
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Thailand Cave
बीबीसी थाई रिपोर्ट के अनुसार 23 जून को स्थानीय समय दिन में 10 बजे यह टीम फुटबॉल की प्रैक्टिस के लिए पहुंची थी। 10:42 बजे कोच ने फुटबॉल प्रैक्टिस का फेसबुक पर एक वीडियो पोस्ट किया। शाम में करीब तीन बजे टैम-लोंग-खुनाम नांगनोन नेशनल पार्क के कर्मियों ने देखा कि 12 साइकिलें गुफा के प्रवेश द्वार पर खड़ी हैं। इसी के बाद इन्हें खोजने का अभियान शुरू हुआ। इन बच्चों में से एक लड़के के माता-पिता ने नेशनल पार्क के कर्मियों को बताया कि उनका बेटे से संपर्क नहीं हो पा रहा है।
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Thailand Cave
शनिवार रात को आधिकारिक रूप से माएसई पुलिस ने इन बच्चों के गायब होने की बात कही और 24 जून, रविवार को दोपहर में एक बजे के आसपास शुरुआती खोज अभियान शुरू हुआ। हालांकि कुछ स्थानीय रिपोर्टरों का कहना है कि गुफा में ये फुटबॉल प्रैक्टिस के बाद एक सरप्राइज पार्टी में गए थे। इसी टीम के एक खिलाड़ी का नाम गेम है। 23 जून को वो गुफा में नहीं गया था। उसने कासोद अखबार से कहा कि टीम इससे पहले भी तीन बार उस गुफा में जा चुकी है लेकिन ऐसा बारिश के मौसम में कभी नहीं हुआ।

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उसने उस अखबार से कहा, 'हम लोग गुफा में जाने से पहले तैयारी करते थे। हम लोग के पास टॉर्च होते थे। हम लोग इस बात को सुनिश्चित करते थे कि सभी वहां जाने के लिए फिट तो हैं।' गेम ने कहा कि वह उस दिन टीम का हिस्सा इसलिए नहीं बन पाया क्योंकि उसकी तबीयत ठीक नहीं थी। गेम ने कहा, 'हमलोग ट्रेनिंग के लिए गुफा में जाते थे या फिर किसी टीम सदस्य के बर्थडे के मौके पर। ये किसी बर्थडे प्लान का हिस्सा लग रहा है।
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इसी हफ्ते गुफा से एक चिट्ठी आई थी। फुटबॉल कोच एकापोल ने अपनी दादी को निराश नहीं होने के लिए आश्वस्त किया था। इसके साथ ही उन्होंने बच्चों के माता-पिता से माफी भी मांगी थी। गुफा में टीम के पहुंचने के बाद से ही मूसलाधार बारिश शुरू हो गई थी। जंगल के बाढ़ के पानी से गुफा का प्रवेश द्वार बंद हो गया। इसके बाद कोच के साथ सारे बच्चे गुफा में लगातार फंसते गए। गुफा का जल स्तर लगातार बढ़ता गया। टैम लोंग गुफा 10,316 लंबी है और यह थाईलैंड की चौथी सबसे बड़ी गुफा है।
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बीबीसी को दिए इंटरव्यू में ब्रिटिश केव रेस्क्यू काउंसिल के बिल वाइटहाउस ने कहा कि गोताखोरों ने आंशिक रूप से बाढ़ग्रस्त और संकरे गलियारे में 15,00 मीटर जाकर पता लगाया था। सात जुलाई को डेलीन्यूज़ वेबसाइट की रिपोर्ट में कहा गया है कि एक खोज अभियान बच्चों को ऊपर से निकालने पर काम कर रहा है। बीबीसी थाई की रिपोर्ट के अनुसार मुख्य कोच का कहना है कि ये लड़के थाईलैंड की पेशेवर फुटबॉल टीम का हिस्सा बनना चाहते हैं।
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थाईलैंड
गुफा को लेकर मिथ
थाईलैंड में गुफा को लेकर कई तरह की मान्यताएं हैं। एक लोकप्रिय मान्यता उसके नाम को लेकर है. इस गुफा का 'नाम टैम लोंग खुन नम नांग नोन' है। इसका मतलब हुआ पर्वत पर सो रही एक महिला की गुफा जो एक नदी का उद्गम स्थल है। कहानी यह है कि चियांग रूंग शहर की एक राजकुमारी एक घुड़सवार से गर्भवती हो गई थीं।

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थाईलैंड - फोटो : EPA
दोनों अपनी जिंदगी को लेकर डरे हुए थे इसलिए दक्षिणी हिस्से में चले गए। दोनों जब वो पर्वतीय इलाके में पहुंचे तो पति ने राजकुमारी से कहा कि वो कुछ खाने के लिए लाने जा रहा और तब तक वो आराम कर लें। हालांकि इसी दौरान राजकुमारी के पिता ने उसके पति की हत्या कर दी। राजकुमारी ने अपने पति का कई दिनों तक इंतजार किया। जब उन्हें लगा कि अब वो नहीं आएगा तो राजकुमारी ने बालों में लगाने की पिन से खुदकुशी कर ली। राजकुमारी का खून पहाड़ से नीचे गिरा और उसी से एक नदी निकली।
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थाईलैंड - फोटो : EPA
स्थानीय मीडिया की रिपोर्ट के अनुसार साल 1986 में एक विदेशी पर्यटक सात दिनों के लिए फंस गया था। हालांकि तब आसानी से निकाल लिया गया था लेकिन तब बाढ़ जैसी स्थिति नहीं थी। अगस्त 2016 में चीनी भाषा के पूर्व टीचर तीन महीने के लिए इस गुफा में गायब हो गए थे। तब उन्होंने अपनी साइकिल नेशनल पार्क के सामने पार्क की थी और कहा था कि वो गुफा में तपस्या करने जा रहे हैं। उनके लिए खोज अभियान भी शुरू किया गया लेकिन वो नहीं मिले थे। हालांकि तीन महीने बाद पास के ही रिसॉर्ट में वो टहलते मिले थे।
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