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'सपनों' के बारे में ये 10 बातें नहीं जानते होंगे आप, राज खुलते ही खिसक जाएगी आपके पैरों तले जमीन

Mon, 21 May 2018 10:07 AM IST
फीचर डेस्क, अमर उजाला
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हर आदमी सपने देखता है चाहे वह दिन में हो या रात में। सोकर हो या जागकर। हम हमेशा सोचते हैं कि सपने देखना हमारी जिंदगी का बस एक हिस्सा है लेकिन आपको इसके पीछे का राज नहीं पता। जी हां, सपने देखने के पीछे कई राज छुपे होते हैं जिनके बारे में जानना बहुत जरूरी है। रात को सोने के बाद जब आप सपना देखते हैं और फिर जब वह सपना टूट जाता है तो आप अपने आप को असल दुनिया में वापस पाते हैं। इस पूरी पद्धति के पीछे 10 बड़े राज छुपे हैं। आइए आपको बताते हैं सपनों के बारे में 110 बड़े राज....
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पुरुष और महिलाएं अलग तरीके से सपने देखती हैं। मर्दों को ज्यादातर गुस्सैल और हिंसक सपने आते हैं। पुरुष ज्यादातर ऐसे सपने देखते हैं जिसमें वही हीरो होते हैं। वहीं महिलाएं ज्यादातर मर्द और औरत दोनों को लेकर बराबर सपने देखती हैं।
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क्या आपको पता है कि एक आम आदमी के अपने पूरे जीवन में लगभग छह सालों तक के वक्त जितना सपने देखता है।

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हर सपने को याद रख पाने की एक लिमिट होती है। ज्यादातर सपने उठने के पांच मिनट तक ही लोगों को याद रहते हैं। 
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नेत्रहीन लोग भी सपना देखते हैं लेकिन उन्हें सपने में कोई सीन नहीं बल्कि आवाज, खुशबू और टच महसूस होता है। यही उनके सपने होते हैं। 
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कई लोग अपने सपनों पर कंट्रोल कर लेते हैं। जी हां, इसे ल्यूसिड ड्रीमिंग कहते हैं जहां आपको पता रहता है कि आप सपना देख रहें हैं। 
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बच्चे तीन से चार साल तक होने के पहले ऐसा कोई सपना नहीं देखते जिसमें वह शामिल हों।

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जब किसी चीज की तैयारी पूरी न हो, आप उड़ रहे हों, गिर रहे हों और आपकी समाज में निंदा होती हो रही हो, ये वह सपने होते हैं जो हमारे अंदर बसे डर की वजह से आते हैं। 

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एक रात में एक व्यक्ति ज्यादा से ज्यादा दो घंटे तक सपने देख सकता है। 

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कई बार सपनों में लोग परी या भूत देखने की बातें बताते हैं लेकिन असलियत में वह बस सिंबल ही होते हैं जिन्हें हम असल जिंदगी में देख चुके होते हैं और वही हमें दिखते हैं।
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कई बार ऐसा लगता है कि हम सपना देखते वक्त चाहते हुए भी बिस्तर से उठ नहीं पाते हैं। ऐसा लगता है कुछ हमेशा जकड़ रहा है। असल में एक बॉडी मेकेनिजिस्म होता है जहां आपकी बॉडी ही कुछ देर के लिए आपको पैरालाइज्ड कर देती है। 
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