फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Nuclear Reactor: अमेरिका के इस फैसले ने बढ़ाई दुनिया की धड़कनें, क्या है चांद पर परमाणु रिएक्टर को लेकर योजना?

Thu, 16 Apr 2026 04:23 PM IST
Dharmendra Kumar Singh फीचर डेस्क, अमर उजाला

सार

Nuclear Reactor on Moon: अमेरिका ने चांद पर न्यूक्लियर रिएक्टर लगाने की आखिरी तारीख तय कर दी है। व्हाइट हाउस की तरफ से नासा और रक्षा विभाग को एक नया निर्देश दिया गया है। 
विज्ञापन
1 of 5
अमेरिका के इस फैसले ने बढ़ाई दुनिया की धड़कनें - फोटो : AI
Nuclear Reactor on Moon: अतंरिक्ष में वर्चस्व कायम करने के लिए दुनिया के कई देशों के बीच होड़ मची हुई है। इनमें अमेरिका, चीन और रूस जैसे देशों का नाम प्रमुख रूप से शामिल है। अब इस बीच अतंरिक्ष को लेकर अमेरिका बड़ी तैयारी कर रहा है। अंतरिक्ष में इंसानों को भेज चुका अमेरिका अब न्यूक्लियर पावर को भेजने की तैयारी में जुटा है। व्हाइट हाउस ने एक नया आदेश जारी किया है, जिसनी दुनिया की अंतरिक्ष एजेंसियों का हैरान कर दिया है। इसके साथ ही दुनिया की धड़कने बढ़ गई हैं। 

व्हाइट हाउस ने नासा और रक्षा विभाग को चंद्रमा पर न्यूक्लियर रिएक्टर लगाने का आदेश दिया है, जिसकी डेडलाइन 2030 तक तय की गई है। अब लोगों के मन में कई तरह के सवाल है। लोग जानना चाहते हैं कि आखिर अमेरिका चंद्रमा पर क्यों न्यूक्लियर रिएक्टर लगाना चाहता है। आइए जानता हैं कि आखिर पूरा मामला क्या है? 
 
विज्ञापन

2 of 5
अमेरिका के इस फैसले ने बढ़ाई दुनिया की धड़कनें - फोटो : Adobe Stock
व्हाइट हाउस ने एक नया आदेश जारी किया है। अब अमेरिका परमाणु शक्ति को अंतरिक्ष में अपना हथियार बनाने की तैयारी में लगा है। अमेरिका की सरकार ने साल 2028 तक अंतरिक्ष आर्बिट में और 2030 तक चंद्रमा की सतह पर परमाणु रिएक्टर स्थापित करने की समयसीमा तय की है। 

सकता है। 
विज्ञापन

3 of 5
अमेरिका के इस फैसले ने बढ़ाई दुनिया की धड़कनें - फोटो : NASA
ऑफिस ऑफ साइंस एंड टेक्नोलॉजी पॉलिसी के निदेशक माइकल क्रैट्सियोस ने नासा के ऊर्जा विभाग और रक्षा विभाग को नया निर्देश दिया है। इसमें कहा गया है कि न्यूक्लियर रिएक्टर को लेकर तेजी से काम किया जाए। 

Planetary Parade 2026: आसमान में दिखेगा दुर्लभ नजारा, बेहद कम नजर आती है ये घटना, जानिए कब और कैसे देखें

4 of 5
अमेरिका के इस फैसले ने बढ़ाई दुनिया की धड़कनें - फोटो : AI Image
क्यों परमाणु रिएक्टर लगाना चाहता है अमेरिका? 

अंतरिक्ष में अमेरिका का परमाणु रिएक्टर लगाने का मकसद बिजली पैदा करना है। यह एक मशीन की तरह है, जिससे निकली ऊर्जा से चंद्रमा पर बने बेस, रोवर्स और मशीनों को चलाया जा सके। अभी तक अंतरिक्ष यान को मुख्य तौर पर सोलर एनर्जी या केमिकल फ्यूल से चलाया जाता है। लेकिन चंद्रमा के चंद्रमा के अंधेरे इलाकों या मंगल जैसे सुदूर ग्रहों पर सूर्य की रोशनी से ठीक से नहीं पहुंचती है। इसलिए वहां पर ऊर्जा संकट है।

Zero Gravity Places: दुनिया की वो रहस्यमयी जगहें जहां काम नहीं करती ग्रैविटी, नीचे की जगह ऊपर जाती हैं चीजें
विज्ञापन
विज्ञापन

5 of 5
अमेरिका के इस फैसले ने बढ़ाई दुनिया की धड़कनें - फोटो : Adobe Stock
अमेरिका मानता है कि चंद्रमा और मंगल पर स्थायी इंसानी बस्तियां बसाने के लिए सिर्फ परमाणु ऊर्जा ही विकल्प है, जो बिना रुके बिजली, गर्मी प्रदान कर सकता है। अब अमेरिका के इस फैसले से अंतरिक्ष में दबदबे को लेकर दुनिया के बीच होड़ मचना तय है। 
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें