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Surya Grahan 2025: 29 मार्च को लगेगा साल का पहला सूर्य ग्रहण, जानिए कब और कहां दिखेगा

Thu, 27 Mar 2025 06:51 PM IST
धर्मेंद्र सिंह फीचर डेस्क, अमर उजाला

सार

Surya Grahan 2025: दुनिया की सबसे दुर्लभ खगोलीय घटनाओं में शामिल सूर्य ग्रहण लगेगा। यह साल का पहला सूर्य ग्रहण होगा। भारतीय समयानुसार, यह सूर्य ग्रहण दोपहर 2 बजकर 21 मिनट से लेकर शाम 6 बजकर 14 मिनट तक रहेगा।
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29 मार्च को लगेगा साल का पहला सूर्य ग्रहण - फोटो : Freepik
Surya Grahan 2025: खगोलीय घटनाओं में दिलचस्पी रखने वाले लोगों के लिए 29 मार्च का दिन बेहद खास है। इस दिन दुनिया की सबसे दुर्लभ खगोलीय घटनाओं में शामिल सूर्य ग्रहण लगेगा। यह साल का पहला सूर्य ग्रहण होगा। भारतीय समयानुसार, यह सूर्य ग्रहण दोपहर 2 बजकर 21 मिनट से लेकर शाम 6 बजकर 14 मिनट तक रहेगा। यह एक आंशिक सूर्य ग्रहण होगा। 

कब और क्यों लगता है सूर्य ग्रहण? 

पृथ्वी के सबसे नजदीक का सितारा सूर्य अपने स्थान पर स्थित है और इसकी पृथ्वी परिक्रमा करती है। धरती की तरह चंद्रमा भी सूर्य की परिक्रमा करता है। हालांकि, चांद धरती की भी चक्कर लगाता है। कई बार चंद्रमा घूमते हुए सूर्य और पृथ्वी के बीच में आ जाता है। इससे कुछ समय के लिए सूर्य के प्रकाश को रोक देता है, जिसे सूर्य ग्रहण कहा जाता है। इस दौरान चंद्रमा की परछाई धरती पर पड़ती है। आइए जानते हैं सूर्य ग्रहण से जुड़ी कुछ रोचक बाते हैं और यह कब और कहां दिखाई देगा।  
 
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जानिए कहां-कहां दिखेगा सूर्य ग्रहण - फोटो : Adobe Stock
तीन प्रकार के होते हैं सूर्य ग्रहण

जब सूर्य और धरती के बीच चंद्रमा आ जाता है, तो चांद के पीछे सूर्य का बिंब कुछ समय के लिए पूरी तरह से ढक जाता है। इस प्रक्रिया को ही सूर्य ग्रहण लगना कहा जाता है। इस दौरान जिस जगह पर परछाई पड़ रही होगी वहां आसमान में सूर्य आधा या पूरा ढका दिखेगा। वैज्ञानिकों के मुताबिक, जब सूर्य, चंद्रमा और पृथ्वी एक सीधी रेखा में आते हैं, तो सूर्य ग्रहण लगता है। सूर्य ग्रहण तीन प्रकार के होते हैं। 
 
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कब दिखेगा सूर्य ग्रहण - फोटो : Freepik
पूर्ण सूर्य ग्रहण

पूर्ण सूर्य ग्रहण की स्थित तब बनती है, जब धरती और सूर्य के बीच चंद्रमा आ जाता है। चंद्रमा की छाया पूरी तरह धरती को ढक लेती है। इस स्थिति में चंद्रमा की पूर्ण छाया धरती पर पड़ती है, जिससे अंधेरा सा नजारा हो जाता है। इस अवस्था को पूर्ण सूर्य ग्रहण कहा जाता है। 

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तीन प्रकार के होते हैं सूर्य ग्रहण - फोटो : Freepik
वलयाकार सूर्य ग्रहण

इस सूर्य ग्रहण में धरती से चंद्रमा दूर होता है। इस समय चांद, सूर्य को पूरी तरह नहीं ढकता है, लेकिन इस दौरान सूर्य रिंग आफ फायर जैसा दिखता है और आकार में भी छोटा दिखता है। 

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कब लगता है सूर्य ग्रहण - फोटो : Freepik
आंशिक सूर्य ग्रहण 

आंशिक सूर्य ग्रहण तब लगता है, जब सूर्य और पृथ्वी के बीच से चंद्रमा गुजरता है, लेकिन एक पक्ति में सूर्य, चंद्रमा और धरती नहीं होते हैं। सूर्य का सिर्फ एक भाग ही ढका हुआ नजर आएगा। आंशिक सूर्य ग्रहण को ही खंडगास सूर्य ग्रहण कहा जाता है। 

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क्या भारत में दिखेगा सूर्य ग्रहण?  - फोटो : Freepik
क्या भारत में दिखेगा सूर्य ग्रहण? 

नासा के मुताबिक, 29 मार्च 2025 को लगने वाला आंशिक सूर्य ग्रहण है। यह यूरोप, एशिया, अफ्रीका, उत्तरी अमेरिका, दक्षिण अमेरिका और अटलांटिक और आर्कटिक महासागरों के क्षेत्रों में देखा जा सकेगा। हालांकि, यह सूर्य ग्रहण भारत में नहीं दिखाई देगा। 
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