फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Mysterious Radio Signal: अंतरिक्ष में मिला रहस्यमयी रेडियो सिग्नल, हैरत में पड़े वैज्ञानिक

Mon, 06 Jun 2022 03:22 PM IST
धर्मेंद्र सिंह फीचर डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
विज्ञापन
1 of 6
अंतरिक्ष में मिला रहस्यमयी रेडियो सिग्नल - फोटो : iStock
Mysterious Radio Signal: ब्रह्मांड के भीतर कई रहस्य छिपे हुए हैं जिनके बारे में आज तक वैज्ञानिक भी ठीक से नहीं समझ पाए हैं। इंसानों के लिए हमेशा से अंतरिक्ष जिज्ञासाओं का केंद्र रहा है। ब्रह्मांड अनंत और असीमित है जिसमें लाखों रहस्य छिपे हैं। विज्ञान का दायरा बढ़ने के साथ ही ब्रह्मांड के रहस्य से भी पर्दा उठता गया है। खगोल विज्ञानी अंतरिक्ष से जुड़े रहस्यों को सुलझाने में लगे हुए हैं। अब इस बीच अंतरिक्ष से जुड़ी एक बेहद ही हैरान करने वाली खबर सामने आई है जिसने वैज्ञानिकों को हैरत में डाल दिया है। 

वैज्ञानिकों ने अंतरिक्ष में एक न्यूट्रॉन तारे (Neutron Star) को खोजा है जो धरती से 1300 प्रकाश वर्ष दूर है। शोधकर्ताओं का कहना है कि इस तारे से स्टार सिस्टम को समझने में मदद मिलेगी। गैलेक्सी के वेला-एक्स 1 रिजन से निकलने वाले एक अजीबोगरीब पल्स (Pulse) निकल रही थी जिस पर सिडनी यूनिवर्सिटी में लेक्चरर मनीषा कालेब और मीरट्रैप टीम का ध्यान गया। 
विज्ञापन

2 of 6
अंतरिक्ष में मिला रहस्यमयी रेडियो सिग्नल - फोटो : istock
लेक्चरर मनीषा कालेब ने बताया कि करीब 300 मिलीसेकंड तक यह पल्स चली। उनका कहना है कि इस इलाके के डेटा में गहराई से खोज की गई, तो अन्य पल्स के रिकॉर्ड भी पाए गए हैं। उन्होंने बताया कि इस डेटा से हमें स्टेलर ऑब्जेक्ट्स के एक नए क्लास के बारे में जानकारी मिल सकती है। शोधकर्ताओं का कहना है कि पल्स PSR J0941-4046 के लिए न्यूट्रॉन स्टार जिम्मेदार है। 
विज्ञापन

3 of 6
अंतरिक्ष में मिला रहस्यमयी रेडियो सिग्नल - फोटो : istock
उन्होंने बताया है कि इसमें पल्सर या मैगनेटर की विशेषताएं मिली हैं। विशालकाय टूटने वाले तारे के बेहद घने अवशेष को पल्सर कहा जाता है। आमतौर पर इनके ध्रुवों से रेडियो तरंगों का उत्सर्जन होता है। तारा घूमता है, तो अक्सर पल्स को धरती से मापा जाता है। 

4 of 6
अंतरिक्ष में मिला रहस्यमयी रेडियो सिग्नल - फोटो : Pixabay
हालांकि जब शोधकर्ताओं ने पल्स की लंबाई देखी, तो वह हैरान रह गए। हालांकि पल्सर से सिर्फ 23.5 सेकंड का सबसे लंबा घुमाव देखा गया है। वैज्ञानिक मानते हैं कि उन्होंने रेडियो-एमिटिंग ऑब्जेक्ट का एक नया क्लास खोज लिया है। इस शोध के नतीजे को नेचर एस्ट्रोनॉमी में प्रकाशित किया गया है। 
विज्ञापन

5 of 6
अंतरिक्ष में मिला रहस्यमयी रेडियो सिग्नल - फोटो : istock
वैज्ञानिकों की टीम को यह न्यूट्रॉन स्टार 'ग्रेवयार्ड' में मिला है। यह अंतरिक्ष का खास क्षेत्र है जहां से वैज्ञानिकों को PSR J0941-4046 मिला है। सिद्धांत के मुताबिक, न्यूट्रॉन सितारों से भरा है। इसीलिए उतने सक्रिय नहीं है या पूरी तरह सक्रिय नहीं हैं। 
विज्ञापन
विज्ञापन

6 of 6
अंतरिक्ष में मिला रहस्यमयी रेडियो सिग्नल - फोटो : istock
वैज्ञानिक ऐसा इसलिए मानते हैं, क्योंकि PSR J0941-4046 से अब भी रेडियो सिग्नल का उत्सर्जन हो रहा है। इनमें एक तरह की पल्स 'क्वासी-पीरियोडिक' है जिससे अधिक जानकारी मिल सकती है कि PSR J0941-4046 किस तरह काम करता है। सबसे बड़ी बात यह है कि वैज्ञानिकों को यकीन नहीं है हो रहा है कि यह कोई सिग्नन छोड़ने वाली वस्तु है। 
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें