फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

दुनिया के वो मशहूर वैज्ञानिक, जिनकी अपने ही आविष्कारों के चलते हुई मौत

Fri, 20 Nov 2020 06:03 PM IST
नवनीत राठौर फीचर डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
विज्ञापन
1 of 6
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : सोशल मीडिया
किसी भी नए चीज का आविष्कार करना कोई आसान काम नहीं होता है। इसमें वैज्ञानिकों को सालों लग जाते हैं। बहुत कड़ी मेहनत के बाद ही वो सफल हो पाते हैं। आज हम आपको कुछ ऐसे ही आविष्कारक और उनके आविष्कारों के बारे में बताने जा रहे हैं, जिनके आविष्कार तो बहुत उपयोगी साबित हुए, लेकिन अफसोस कि उनके अपने ही आविष्कार उनकी मौत की वजह बन गए।
विज्ञापन

2 of 6
विलियम बुलोक - फोटो : सोशल मीडिया
विलियम बुलोक
अमेरिका के ग्रीनविले में जन्मे विलियम बुलोक को रिचर्ड मार्च होई के बनाए 'रोटरी प्रिंटिंग प्रेस' में सुधार के लिए जाना जाता है। उनकी वजह से ही प्रिंटिंग इंडस्ट्री में क्रांतिकारी परिवर्तन आया था। हालांकि अपनी ही प्रिंटिंग मशीन को ठीक करने के दौरान उसमें फंसकर उनकी मौत हो गई थी।
विज्ञापन

3 of 6
फ्रांज रीचेल्ट - फोटो : सोशल मीडिया
फ्रांज रीचेल्ट 
ऑस्ट्रिया में जन्मे फ्रांज रीचेल्ट को आधुनिक विंगसूट का आविष्कारक माना जाता है। हालांकि इसकी टेस्टिंग के लिए पेरिस के एफिल टावर से कूदने के दौरान उनकी मौत हो गई थी। उस समय उनकी उम्र महज 33 साल थी।

4 of 6
हॉरेस लॉसन हन्ली - फोटो : सोशल मीडिया
हॉरेस लॉसन हन्ली
अमेरिका के समर काउंटी में 29 दिसंबर 1823 को जन्मे हॉरेस लॉसन हन्ली ने हाथ से चलने वाली पनडुब्बी का आविष्कार किया था। हालांकि परीक्षण के दौरान उनकी पनडुब्बी समुद्र में डूब गई थी, जिसमें वो भी अपने क्रू-मेंबर्स के साथ मौजूद थे। इस हादसे में उनकी मौत हो गई थी।
विज्ञापन

5 of 6
उड़ने वाली कार - फोटो : सोशल मीडिया
हेनरी स्मोलिंस्की
हेनरी स्मोलिंस्की को उड़ने वाली कार बनाने के लिए जाना जाता है। 1973 में उन्होंने यह आविष्कार किया था, जिसका नाम उन्होंने 'एवीई मिजार' रखा था। हालांकि टेस्ट करने के लिए जब वो अपनी फ्लाइंग कार में बैठे और उसे उड़ाया तो कार दुर्घटनाग्रस्त हो गई, जिससे उनकी मौत हो गई।
विज्ञापन
विज्ञापन

6 of 6
मैरी क्यूरी - फोटो : सोशल मीडिया
मैरी क्यूरी
रेडियम और पोलोनियम नामक दो तत्वों की खोज करने वाली मशहूर भौतिकविद और रसायनशास्त्री मैरी क्यूरी की मौत उनकी इसी खोज के कारण साल 1934 में हो गई थी। दरअसल, मैरी क्यूरी रेडियोएक्टिविटी पर काम कर रही थीं, लेकिन उन्हें इस बात का बिल्कुल भी अंदाजा नहीं था कि रेडियोएक्टिविटी कितनी खतरनाक होती है। उनके शरीर पर इसका बुरा प्रभाव पड़ा था, जिसकी वजह से उनकी मौत हो गई थी।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें