एसयूवी की लोकप्रियता में लगातार बढ़ोतरी के बावजूद अगले साल भारत में छोटी कारों की बिक्री में उछाल आने की संभावना है। मशहूर ग्लोबल फाइनेंशियल सर्विस (वैश्विक वित्तीय सेवा) फर्म नोमुरा ने भविष्यवाणी की है कि 2025 में छोटी और सस्ती कारों की बिक्री में उछाल आने की उम्मीद है। नोमुरा के अनुमान, मारुति द्वारा भारत में छोटी और सस्ती कारों के भविष्य के बारे में किए गए दावे के अनुरूप हैं। इस सेगमेंट की इस समय लगभग 28 प्रतिशत हिस्सेदारी है। जबकि एसयूवी सेगमेंट 50 प्रतिशत से ज्यादा बढ़ गया है।
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Automobile Industry
- फोटो : PTI
नोमुरा ने तीसरी तिमाही के लिए भारतीय ऑटो उद्योग के अनुमानों के साथ एक रिपोर्ट साझा की है। और अगले साल यात्री वाहन खंड के लिए कैसा रहने की उम्मीद है, इस पर एक समग्र अनुमान दिया है। फर्म ने कहा कि भारत की कुल कार बिक्री वित्तीय वर्ष की चालू तिमाही में बहुत ज्यादा सामान्य दर से बढ़ने की संभावना है। अक्तूबर से दिसंबर के बीच इस खंड में साल-दर-साल लगभग एक प्रतिशत की बढ़ोतरी होने की संभावना है, जो पहले चार प्रतिशत थी।
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Automobile Industry
- फोटो : PTI
भारत में छोटी और किफायती कारों की बिक्री के बारे में, नोमुरा की रिपोर्ट इस सेगमेंट के लिए संभावित रफ्तार के साथ रिवाइवल फेज (पुनरुद्धार चरण) का संकेत देती है। रिपोर्ट में कहा गया है, "जैसे-जैसे दबी हुई मांग कम होती जा रही है, एक नई लॉन्च पाइपलाइन और छोटी कारों की मांग में कमी ने नियर-टर्म मोमेंटम पर असर डाला है। ऐसी स्थिति डिस्काउंट के एलान और OEM द्वारा विज्ञापन खर्च के बावजूद है। हमें कम आधार पर FY26/3E में धीरे-धीरे सुधार की उम्मीद है।"
रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि CNG वाहन सेगमेंट में निरंतर बढ़ोतरी देखने को मिल सकती है। जबकि इलेक्ट्रिक वाहन सेगमेंट में अगले साल जनवरी से कई नए लॉन्च होने की संभावना है। जिसमें महिंद्रा XEV 9e, BE 6e, मारुति सुजुकी ई विटारा, ह्यूंदै क्रेटा ईवी जैसी अन्य कारें शामिल हैं।
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Maruti Suzuki Alto K10
- फोटो : Maruti Suzuki
छोटी कार सेगमेंट में जल्द ही सुधार होगा: मारुति सुजुकी
इससे पहले, मारुति सुजुकी ने कहा था कि छोटी कार सेगमेंट में 2026 तक उछाल आने की संभावना है। मारुति सुजुकी इंडिया के चेयरमैन आरसी भार्गव ने हाल ही में कहा था कि भारत में खरीदारों की आय के स्तर की तुलना में एंट्री-लेवल वाहनों की कीमतें तेजी से बढ़ी हैं। उन्होंने कहा, "शायद 2026 तक, इन उच्च कीमतों का असर उस श्रेणी के लोगों की क्रय शक्ति में बढ़ोतरी से एब्जॉर्ब (अवशोषित) हो जाएगा। जिससे गिरावट रुक जाएगी।"
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Maruti Suzuki Celerio
- फोटो : Maruti Suzuki
पार्थो बनर्जी ने भी यही बात कही। उन्होंने कहा कि एसयूवी का चलन जल्द ही थमने वाला है। क्योंकि कार निर्माता ने अक्तूबर में छोटी कारों की बिक्री में मामूली उछाल देखा है, खासकर ग्रामीण क्षेत्र में। बनर्जी ने कहा, "अक्तूबर में हमें अच्छी बढ़ोतरी देखने को मिली, जिसमें करीब 10 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई।"
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Hyundai Grand i10 Nios
- फोटो : Hyundai
भारत में छोटी कारों की बिक्री
1990 के दशक से, मारुति सुजुकी और ह्यूंदै मोटर के नेतृत्व में छोटी कारें भारतीय ऑटो उद्योग की रीढ़ थीं। वित्तीय वर्ष 2017-18 में कुल बिक्री में इस सेगमेंट की हिस्सेदारी 47 प्रतिशत से ज्यादा थी। पिछले वित्त वर्ष में यह घटकर लगभग 27 प्रतिशत रह गई। जब भारत ने एक साल में बेची गई लगभग 40 लाख कारों में से 12 लाख छोटी कारें खरीदीं।
मारुति सुजुकी अभी भी आठ लाख से ज्यादा छोटी कारों और हैचबैक बेचकर 68 प्रतिशत बाजार हिस्सेदारी के साथ इस सेगमेंट पर हावी है। मारुति की छोटी और सस्ती कारें जैसे बलेनो, स्विफ्ट और वैगनआर भारतीय खरीदारों द्वारा पसंद की जाने वाली सबसे लोकप्रिय कारों में से हैं। क्योंकि वे बिक्री चार्ट में सबसे आगे हैं।