भारत में यात्री वाहनों की खुदरा बिक्री में पिछले महीने 1 प्रतिशत की गिरावट आई है, क्योंकि खरीदारों ने 1 अप्रैल से सख्त उत्सर्जन मानदंडों के कारण बढ़ी हुई कीमतों से बचने के लिए मार्च तक खरीदारी को रोक दिया है। अप्रैल 2022 में 2,86,539 यूनिट्स की तुलना में यात्री वाहन खुदरा बिक्री पिछले महीने घटकर 2,82,674 यूनिट्स रह गई। ऑटोमोबाइल डीलरों के निकाय FADA ने गुरुवार को यह जानकारी है।
फेडरेशन ऑफ ऑटोमोबाइल डीलर्स एसोसिएशन (FADA) के अध्यक्ष मनीष राज सिंघानिया ने एक बयान में कहा, "यात्री वाहन खंड, जिसने FY23 में रिकॉर्ड बिक्री हासिल की, अप्रैल में धीमा हो गया ... यह मुख्य रूप से पिछले साल के हाई बेस और OBD 2A (ओबीडी 2ए) मानदंडों के कारण था, जिसके कारण मार्च में वाहन की कीमत में बढ़ोतरी और एडवांस खरीद हुई।"
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Automobile Sector Cars
- फोटो : PTI
अप्रैल में दोपहिया वाहनों का पंजीकरण 7 प्रतिशत घटकर 12,29,911 यूनिट्स रहा, जबकि एक साल पहले की अवधि में यह 13,26,773 यूनिट्स था। सिंघानिया ने कहा कि बिक्री में गिरावट का कारण ओबीडी 2ए शिफ्ट, बेमौसम बारिश और मार्च में पूर्व खरीदारी के कारण सीमित आपूर्ति को माना जा सकता है।
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Two Wheeler Sales
- फोटो : Pure EV
उन्होंने कहा कि दोपहिया मोटरसाइकिल सेगमेंट में मॉडल मिक्स उपलब्धता, ग्रामीण भावना और मांग कमजोर बनी हुई है।
सिंघानिया ने कहा, "ग्रामीण अर्थव्यवस्था ने अभी तक महत्वपूर्ण प्रगति नहीं दिखाई है। अप्रैल 2019 से पहले की तुलना में, दोपहिया वाहनों की बिक्री अभी भी 19 प्रतिशत कम है।"
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Three Wheeler
- फोटो : Omega Seiki
तिपहिया वाहनों की खुदरा बिक्री पिछले महीने 70,928 यूनिट्स रही, जो अप्रैल 2022 में 45,114 यूनिट्स की तुलना में 57 प्रतिशत ज्यादा थी।
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Commercial Vehicles
- फोटो : Tata Motors
इसी तरह, वाणिज्यिक वाहन पंजीकरण अप्रैल में 2 प्रतिशत बढ़कर 85,587 यूनिट्स हो गया, जो एक साल पहले की अवधि में 83,987 यूनिट्स था।