टोल प्लाजा
- फोटो : संवाद
कैसे काम करेगा यह सिस्टम?
जब भी कोई गाड़ी टोल प्लाजा से गुजरेगी, तो वहां लगे कैमरे उसकी नंबर प्लेट को स्कैन करेंगे। इसके बाद एक खास सॉफ्टवेयर उस गाड़ी का रजिस्ट्रेशन डेटा जांचेगा और यह देखेगा कि गाड़ी का इंश्योरेंस, फिटनेस सर्टिफिकेट, पॉल्यूशन अंडर कंट्रोल (PUC) और रजिस्ट्रेशन वैध है या नहीं। अगर कोई भी दस्तावेज एक्सपायर हुआ या गायब पाया गया, तो उसी वक्त ऑटोमैटिक जुर्माना लगेगा और वाहन मालिक को एसएमएस के जरिए इसकी जानकारी भी मिल जाएगी।
यह भी पढ़ें - Recall: स्कोडा और फॉक्सवैगन ने भारत में 47,000 से ज्यादा गाड़ियां वापस मंगवाईं, वाहनों की सुरक्षा को लेकर बड़ा फैसला