फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

‘जीरो’ डाउनपेमेंट पर मिलेंगी Grand i10, Elite i20 और Creta, महीने में चुकाने होंगे इतने रुपये

Sat, 09 Mar 2019 03:22 PM IST
Harendra Chaudhary ऑटो डेस्क, अमर उजाला
विज्ञापन
1 of 8
hyundai subscription plan - फोटो : प्रतिकात्मक तस्वीर
आने वाले वक्त में आपको शायद ही कार खरीदने की जरूरत पड़ेगी। बस किराया भरो और जब मन चाहे तब तक चलाओ और जब बोर हो जाओ तो दूसरी कार ले आओ। इंडिया में यह कंसैप्ट भले ही नया है, लेकिन विदेश में पहले से ही लागू है। वहीं अब Toyota के बाद Hyundai ने ‘जीरो’ डाउनपेमेंट पर कार देने की योजना बनाई है।
 
विज्ञापन

Revv से किया करार

2 of 8
Hyundai QXi-5
देश की दूसरी सबसे बड़ी कार निर्माता कंपनी हुंडई मोटर्स ने अपनी कारों को लीज पर देने के लिए Revv से करार किया है। इस योजना की खासियत होगी कि बिना कर खरीदे हुंडई की नई कारों को भी लीज पर लिया जा सकेगा। वहीं इसमें सर्विस की कीमत भी नहीं चुकानी पड़ेगी और खर्चा कार कंपनी वहन करेगी।
 
विज्ञापन

12 से 48 माह तक लेनी होगी लीज

3 of 8
Hyundai Ioniq india auto expo
हुंडई अपनी इस पायलट सर्विस को देश के छह शहरों में शुरू करेगी और शुरुआत में केवल दिल्ली-एनसीआर, मुंबई, कोलकाता, पुणे, बंगलुरू और हैदराबाद में शुरू किया जाएगा। इस सेवा के तहत ग्राहकों को कम से कम 12 महीने के लिए कार को लीज पर लेना पड़ेगा और अधिकतम 48 महीने के लिए लीज पर लिया जा सकेगा। वहीं 12 महीने के सब्सक्रिप्शन पीरियड के बाद ग्राहक वाहन खरीदने के पात्र होंगे। वहीं 48 महीने के सब्सक्रिप्शन के बाद ग्राहक नया वाहन लीज पर खरीद सकेंगे। वहीं जो कस्टमर्स एक साल या उससे अधिक सब्सक्रिप्शन का विकल्प चुनेंगे, उन्हें हुंडई के अनुसार निश्चित रूप से एक नई कार मिलेगी।
 

कार पर लगेगी कमर्शियल नंबर प्लेट

4 of 8
Hyundai santro-3
हुंडई के मुताबिक इस नई सेवा का लाभ उठाने के लिए ग्राहकों को जीरो डाउनपेमेंट करना होगा। हालांकि कार का पहले साल का बीमा ग्राहकों को खुद कराना होगा। वहीं बाद के सालों का बीमा भी ग्राहकों को चुकाना होगा। वहीं इस सेवा की एक बात और होगी कि कार पर कमर्शियल नंबर प्लेट लगेगी मिलेगी, जिसके चलते ग्राहकों को बॉर्डर क्रास करने पर ज्यादा टोल टैक्स चुकाना पड़ सकता है। गौरतलब है कि सभी कमर्शियल वाहनों को राज्य में एंट्री करने पर स्टेट टैक्स चुकाना पड़ता है। हालांकि यह पता नहीं चल सका है कि पड़ोसी राज्यों के लिए हुंडई या Revv कंपनी प्री-पेड टैक्स ऑफर करेगी।
 
विज्ञापन

हुंडई सैंट्रो मैग्ना की सब्सक्रिप्शन कीमत

5 of 8
Hyundai santro
हालांकि अभी तक हुंडई ने ऑधिकारिक तौर पर इस सेवा की कीमतों का एलान नहीं किया है, लेकिन Revv की आधिकारिक साइट पर कार लीज की पूरी जानकारी है। जिसके मुताबिक हुंडई सैंट्रो मैग्ना वैरियंट की पहले 12 महीने के सब्सक्रिप्शन कीमत 15,790 रुपये प्रति माह होगी, जो 13 से 48 माह तक घटकर 13,390 रुपये प्रतिमाह हो जाएगी। वहीं 48 माह के लिए यह कीमत लगभग 6.73 लाख रुपये होगी। वहीं हुंडई सैट्रों की ऑन-रोड कीमत दिल्ली में 5.13 लाख रुपये है, जिसमें ऑन-रोड प्राइस के साथ इंश्योरेंस और रोड-टैक्स भी शामिल है। इसके अलावा ग्राहकों को सर्विसिंग के साथ मैंटीनेंस चार्जेज भी देने होंगे।
 
विज्ञापन

हुंडई आई20 की सब्सक्रिप्शन कीमत

6 of 8
Hyundai i20 facelift
वहीं हुंडई आई20 के स्पोर्ट्ज मैनुअल वर्जन की 12 माह की सब्सक्रिप्शन कीमत 22,690 रुपये होगी, जो अगले 48 माह के लिए 16,690 रुपये होगी। वहीं इसका इंश्योरेंस प्रीमियम 37,928 रुपये होगी, जो पहले माह में ही चुकाना होगा। हुंडई आई20 की दिल्ली में ऑनरोड कीमत 8.20 लाख रुपये है, इस हिसाब इसकी 48 माह के लिए 8.73 लाख रुपये चुकाने होंगे।
 
विज्ञापन

हुंडई क्रेटा के लिए कितनी होगी कीमत

7 of 8
Hyundai Creta
हुंडई की कॉम्पैक्ट एसयूवी क्रेटा की बात करें, तो इसकी ऑनरोड कीमत 11.64 लाख रुपये है। क्रेटा के ई-प्लस 1.4 डीजल इंजन वैरियंट की कीमत पहले 12 माह के लिए 29,790 रुपये होगी और 48 माह के लिए यह घटकर 24,590 रुपये हो जाएगी। जबकि इंश्योरेंस के लिए पहले माह में ही 56,994 रुपये चुकाने होंगे। बिना इंश्योरेंस के क्रेटा की सब्सक्रिप्शन कीमत 12.43 लाख रुपये होगी।
 
विज्ञापन

टोयोटा भी ला रही लीज प्लान

8 of 8
2019 Toyota Camary hybrid India
इससे पहले टोयोटा भी भारत में अपनी बिक्री बढ़ाने के लिए एक अनूठी योजना पर काम कर रही है। यह प्रोग्राम सबस्क्रिप्शन बेस्ड ओनरशिप प्रोग्राम होगा। ग्राहक अपनी पसंद की गाड़ियों जैसे टोयोटा इनोवा क्रिस्टा या फॉर्च्यूनर में से भी कोई गाड़ी एक तय अवधि के लिए चुन सकते हैं, जिसके बाद वे टोयोटा की गाड़ी को रेंट पर ले सकेंगे। जूम कार के लीज मॉडल के तहत लीज लेने वाले को केवल तेल के पैसे और तय मासिक शुल्क देना पड़ता है। वहीं दूसरे खर्चे जैसे इंश्योरेंस, मैंटिनेंस और दूसरी चीजों का खर्चा कंपनी खुद उठाती है।           
 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें