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Vastu Tips: ऑफिस में अपनी डेस्क पर करें वास्तु के ये उपाय, बढ़ेगा प्रभाव और मिलेगा प्रोमोशन

Mon, 02 Jun 2025 08:00 PM IST
शिखर बरनवाल ज्योतिष डेस्क, अमर उजाला

सार

Vastu Tips: अक्सर लोगों के मन में सवाल होता है कि वास्तु के अनुसार आपका वर्कप्लेस कैसा होना चाहिए? आपका कार्यस्थल न केवल आपकी प्रोडक्टिविटी को प्रभावित करता है, बल्कि आपके मानसिक स्वास्थ्य और सफलता पर भी गहरा असर डालता है।
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दफ्तर - फोटो : Adobe Stock
Vastu Tips: वास्तु शास्त्र एक प्राचीन भारतीय विज्ञान है, जो हमारे आसपास के वातावरण और ऊर्जा के संतुलन पर आधारित है। यह भवन निर्माण और आंतरिक सज्जा के सिद्धांतों का एक व्यवस्थित अध्ययन है, जिसका उद्देश्य किसी भी स्थान, चाहे वह घर हो, कार्यालय हो या दुकान, सकारात्मक ऊर्जा का संचार करना है। यह विज्ञान पंच तत्वों पृथ्वी, जल, अग्नि, वायु और आकाश के सामंजस्य पर बल देता है। वास्तु के सिद्धांतों का पालन करने से नकारात्मक ऊर्जा दूर होती है और घर में सुख-समृद्धि, स्वास्थ्य तथा शांति बनी रहती है। अक्सर लोगों के मन में सवाल होता है कि वास्तु के अनुसार आपका वर्कप्लेस कैसा होना चाहिए? आइए इस लेख में इसी के बारे में जानते हैं।

आपका कार्यस्थल (वर्कस्पेस) न केवल आपकी प्रोडक्टिविटी को प्रभावित करता है, बल्कि आपके मानसिक स्वास्थ्य और सफलता पर भी गहरा असर डालता है। वास्तु के अनुसार अपने काम करने के स्थान को व्यवस्थित रखना बहुत जरूरी होता है।
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दफ्तर - फोटो : Adobe Stock
सही दिशा का चयन करें
वास्तु के अनुसार, काम करने की जगह के लिए सबसे अच्छी दिशा उत्तर-पूर्व (ईशान कोण) है, क्योंकि यह सकारात्मक ऊर्जा का केंद्र माना जाता है। अगर आपका डेस्क इस दिशा में रखा हो, तो यह एकाग्रता और रचनात्मकता को बढ़ाता है। अगर यह संभव न हो, तो पूर्व या उत्तर दिशा में भी डेस्क रख सकते हैं। ध्यान रखें कि आपका चेहरा हमेशा उत्तर या पूर्व की ओर होना चाहिए, क्योंकि यह दिशा समृद्धि और शांति लाती है।
 
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डेस्क और कुर्सी की व्यवस्था
वास्तु के अनुसार, आपका डेस्क आयताकार या चौकोर होना चाहिए, क्योंकि यह स्थिरता का प्रतीक है। डेस्क पर अव्यवस्था न रखें; इसे हमेशा साफ और व्यवस्थित रखें। डेस्क के पीछे एक ठोस दीवार होनी चाहिए, जो समर्थन और स्थिरता का प्रतीक है। साथ में अपने डेस्ट पर ग्रीन प्लांट (जैसे - मनी प्लांट आदि) लगाएं।

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प्रकाश और रंगों का महत्व
वास्तु में प्रकाश और रंगों का विशेष महत्व है। आपके कार्यस्थल में प्राकृतिक रोशनी की व्यवस्था होनी चाहिए, क्योंकि यह सकारात्मक ऊर्जा लाती है। अगर प्राकृतिक रोशनी संभव न हो, तो हल्की पीली या सफेद रोशनी का इस्तेमाल करें। तेज रोशनी से बचें, क्योंकि यह तनाव बढ़ा सकती है।
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दीवारों का रंग
दीवारों के लिए हल्के रंग जैसे हल्का हरा, नीला या क्रीम चुनें, जो शांति और एकाग्रता को बढ़ाते हैं। लाल या काले जैसे गहरे रंगों से बचें, क्योंकि ये नकारात्मक ऊर्जा को आकर्षित करते हैं। वर्कस्पेस में तुलसी का पौधा या छोटी मूर्तियां रखें, जो सकारात्मकता लाती हैं। अगर आपका कार्यस्थल घर में है, तो इसे बेडरूम से अलग रखें।



डिस्क्लेमर (अस्वीकरण): यहां दी गई जानकारी सामान्य मान्यताओं, ज्योतिष, पंचांग, धार्मिक ग्रंथों आदि पर आधारित है। यहां दी गई सूचना और तथ्यों की सटीकता, संपूर्णता के लिए अमर उजाला उत्तरदायी नहीं है।
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