फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

शंख बजाने के हैं बड़े फायदे, विज्ञान एवं पौराणिक शास्त्रों में है इसका महत्व

Fri, 14 Feb 2020 05:44 AM IST
रुस्तम राणा ज्योतिष डेस्क, अमर उजाला
विज्ञापन
1 of 5
shankh
शंख की ध्वनि शुभता को दर्शाती है। हिन्दू पूजा-पद्धति में शंख बजाया जाता है। भगवान विष्णु जी के हाथों में भी शंख है, जिसका नाम पांचजन्य है। ब्रह्मवैवर्त पुराण में शंख के महत्व को बताते हुए कहा गया है कि शंख में जल रखने और इसे छिड़कने से वातावरण शुद्ध होता है। अर्थात शंख धार्मिक और वैज्ञानिक रूप से बेहद ही महत्वपूर्ण है। 
विज्ञापन

2 of 5
shankh - फोटो : shankh
वैदिक कर्म कर्मकांड के तहत पूजा-पाठ में शंख का विशेष महत्व माना गया है। इसकी ध्वनि से न केवल आस-पास का वातावरण पवित्र होता है, बल्कि इसे रखने मात्र से ही तमाम तरह की बीमारियां भी दूर होती हैं। 
विज्ञापन

3 of 5
shankh
वास्तु और फेंगशुई के अनुसार, शंखनाद और शंख रखने के कई फायदे हैं। वास्तु शास्त्र के अनुसार शंख नियमित रूप से बजाना सेहत के लिए बेहतर होता है। फिर चाहे छोटा शंख हो या बड़ा। मान्यता है कि शंख बजाने से हृदय संबंधी बीमारियां नहीं होती। 

4 of 5
पीएम मोदी को भेंट किया गया शंख - फोटो : अमर उजाला
फेंगशुई के मुताबिक शंख रखना बेहद शुभ होता है। यह कार्यक्षेत्र में सुख-समृद्धि लेकर आता है। इसे रखने मात्र से ही व्यवसाय-व्यापार में वृद्धि होती है। शंख भगवान बुद्ध के पैरों में बने 8 शुभ चिन्हों में से एक है।
विज्ञापन
विज्ञापन

5 of 5
शंख - फोटो : social media
वैज्ञानिकों का मानना है कि शंख की आवाज से वातावरण में मौजूद कई तरह के जीवाणुओं-कीटाणुओं का नाश हो जाता है। कई शोध से इस तरह के नतीजे मिले हैं।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें