Longest Surya Grahan: सूर्य ग्रहण खगोल विज्ञान की एक अद्भुत और दुर्लभ घटना है। इसका महत्व केवल विज्ञान तक सीमित नहीं है, बल्कि धार्मिक-ज्योतिष शास्त्र में भी इसे विशेष माना गया है। मान्यता है कि, ग्रहण के दौरान कुछ विशेष नियमों का पालन आवश्यक होता है, जिससे इसके संभावित अशुभ प्रभावों से बचाव किया जाता है। खासतौर पर हिंदू धर्म में इस अवधि को अशुभ माना जाता है। परंतु आसमान में होने वाली यह अद्भुत घटना हर किसी का ध्यान अपनी ओर खींचती हैं। कहते हैं कि, जब चंद्रमा, सूर्य और पृथ्वी के बीच आकर सूर्य की किरणों को ढक देता है, तब सूर्य ग्रहण लगता है। वहीं आगामी वर्ष 2027 में एक ऐसा सूर्य ग्रहण लगने वाला है, जिसे सदी का सबसे लंबा ग्रहण माना जा रहा है। खगोलविदों का मानना है कि इस ग्रहण का प्रभाव और अवधि बेहद यादगार होगी। ऐसे में आइए इसके समय और भारत पर इसका क्या प्रभाव होगा, जानते हैं।