वैदिक ज्योतिष में ग्रहों की चाल का विशेष महत्व होता है। ग्रह समय-समय पर चाल बदलते रहते हैं जिससे दूसरे ग्रहों के साथ युति करते हुए त्रिग्रही और चतुर्ग्रही योग का निर्माण होता है। इन योगों का प्रभाव सभी 12 राशियों के जातकों के साथ-साथ देश-दुनिया पर भी देखने को मिलता है। आपको बता दें कि अप्रैल माह में कई ग्रहों का राशि परिवर्तन देखने को मिलेगा जिससे त्रिग्रही योग का निर्माण होगा। अभी सूर्य मीन राशि में हैं और शनिदेव भी मीन राशि में भ्रमण कर रहे हैं। वैदिक पंचांग के अनुसार 2 अप्रैल को मंगल मीन राशि में गोचर करने वाले हैं जिससे गुरु के स्वामित्व वाली राशि में त्रिग्रही योग का निर्माण होगा। यह त्रिग्रही योग 14 अप्रैल तक रहेगा। वैदिक ज्योतिष शास्त्र के अनुसार जब सूर्य, शनि और मंगल का किसी एक राशि में संयोग बनता है तो व्यक्ति के जीवन में महत्वपूर्ण बदलाव देखने को मिलता है। आइए जानते हैं मीन राशि में त्रिग्रही योग के संयोग से किन-किन राशि वालों को सबसे ज्यादा लाभ मिलेगा।