Kalsarp Yog 2026: ज्योतिष शास्त्र में कालसर्प योग को एक प्रभावशाली और चुनौतीपूर्ण योग माना जाता है। मान्यता है कि जिन लोगों की कुंडली में यह योग बनता है, उनके जीवन में समय-समय पर उतार-चढ़ाव और अप्रत्याशित परिस्थितियां देखने को मिल सकती हैं। यह योग तब निर्मित होता है जब कुंडली के सात प्रमुख ग्रह राहु और केतु के बीच आ जाते हैं। ऐसी ही खगोलीय स्थिति 9 जून से 23 जून के बीच बनने जा रही है, जब ग्रहों की चाल एक विशेष संयोग का निर्माण करेगी। इस दौरान कुछ राशियों पर इसका प्रभाव अधिक देखने को मिल सकता है, जिससे उन्हें सावधानी और समझदारी के साथ कदम उठाने की जरूरत होगी। आइए जानते हैं ये राशियां कौन सी हैं।