Grishm Sankranti 2026: खगोलीय दृष्टि से 21 जून 2026, रविवार का दिन बेहद खास है, क्योंकि यह साल का सबसे लंबा दिन माना जाता है। इस दिन, दिन का समय सबसे अधिक और रात सबसे छोटी होती है। इस घटना को ग्रीष्म संक्रांति कहा जाता है, जब सूर्य कर्क रेखा के ठीक ऊपर स्थित होता है और पृथ्वी का उत्तरी गोलार्ध उसकी ओर अधिक झुका रहता है।
इस खास दिन दोपहर में एक ऐसा क्षण भी आता है, जब सूर्य सिर के बिल्कुल ऊपर होता है। उस समय कुछ देर के लिए व्यक्ति की परछाई दिखाई नहीं देती, जिसे ‘जीरो शैडो डे’ कहा जाता है। आमतौर पर ग्रीष्म संक्रांति हर साल 20 से 22 जून के बीच पड़ती है और इसे खगोलीय आधार पर ग्रीष्म ऋतु की शुरुआत माना जाता है। आइए जानते हैं इस दिन का प्रभाव मेष से मीन तक सभी राशियों पर कैसा रहेगा।