तमिलनाडू ने भारत की राजनीति में कई दिग्गज नेता दिए हैं। आजादी के बाद पचास के दशक में सी. राजगोपालचारी और के. कामराज जैसे मुख्यमंत्रियों ने अपनी जनकल्याणकारी योजनाओं से न केवल प्रदेश अपितु दक्षिण के अन्य राज्यों को भी विकास की राह दिखाई।तमिलनाडू ने अस्सी के दशक में एम. जी. रामचंद्रन जैसे लोकप्रिय जननेता के माध्यम से पहली बार कांग्रेस की मजबूत सत्ता को चुनौती दी थी। उन्हीं एम. जी. रामचंद्रन के नक्शे कदम पर चलते हुए जयललिता ने तमिल राजनीति में पिछले ढाई दशकों से अपनी धाक जमा रखी थी। पांच बार मुख्यमंत्री रही जयललिता के निधन ने तमिल राजनीति में जो खालीपन पैदा किया है उसे भरना सरल नहीं होगा।
विज्ञापन
जयललिता के निधन के बाद किस ओर जाएगी तमिल राजनीति, पढ़ें बड़ी भविष्यवाणी
2 of 7
जयललिता
तमिलनाडु राज्य की स्थापना 26 जनवरी 1950 को हुई थी। इस राज्य की कुंडली तुला लग्न की है और चंद्रमा यहां मेष राशि में है। गुरु में शनि की अशुभ 6/8 की दशा चल रहा तमिलनाडु अगले ढाई वर्षो तक राजनीति अस्थिरता की हालात में रह सकता है। तमिलनाडु की कुंडली में गुरु अशुभ भावों का स्वामी हो कर सूर्य से अस्त है तथा अंतरर्दशा नाथ शनि अपने शत्रु सूर्य की राशि में कमजोर पड़ा हुआ है।
विज्ञापन
जयललिता के निधन के बाद किस ओर जाएगी तमिल राजनीति, पढ़ें बड़ी भविष्यवाणी
3 of 7
Karunanidhi
वर्तमान विपक्षी पार्टी द्रमुक के प्रमुख एम. करूणानिधि की कुंडली पर दृष्टि डालें तो वहां मारक दशाओं का प्रभाव चल रहा है। 3 जून 1924 को सुबह 9 बजकर 40 मिनट पर थिरुवेर (तमिलनाडु) में जन्मे करूणानिधि की कुंडली कर्क लग्न की है। इनकी कुंडली में शुक्र में राहु की विंशोत्तरी दशा चल रही है। शुक्र 12 वें भाव में होकर अस्पताल और रोग को दिखा रहे हैं।
जयललिता के निधन के बाद किस ओर जाएगी तमिल राजनीति, पढ़ें बड़ी भविष्यवाणी
4 of 7
m karunanidhi
- फोटो : bbc
अंतरर्दशा नाथ राहु दूसरे भाव में बैठकर मारक तत्व लिए हुए हैं। पिछले एक सप्ताह से अस्पताल में बीमार करूणानिधि की सेहत में सुधार के कोई ज्योतिषीय संकेत नहीं दिख रहे।
विज्ञापन
जयललिता के निधन के बाद किस ओर जाएगी तमिल राजनीति, पढ़ें बड़ी भविष्यवाणी
5 of 7
करुणानिधि स्टालिन
करूणानिधि के बेटे और उनके राजनीतिक उत्तराधिकारी एम. के. स्टॅलिन की कुंडली बेहद कमजोर है। 1 मार्च 1953 को रात्रि 11 बज कर 50 मिनट पर चेन्नई में जन्मे स्टॅलिन की कुंडली वृश्चिक लग्न की है।कोई विशेष राजयोग न होने के कारण इस बात की संभावना बेहद कम है की वह अपने पिता की भांति प्रदेश की राजनीति में कोई करिश्मा कर पाएंगे।
विज्ञापन
जयललिता के निधन के बाद किस ओर जाएगी तमिल राजनीति, पढ़ें बड़ी भविष्यवाणी
6 of 7
स्टालिन
शनि में शुक्र की अशुभ दशा में चल रहे स्टॅलिन को अपने पिता के बाद पार्टी में विद्रोह की स्थिति का सामना करना पड़ सकता है।
जयललिता के निधन के बाद किस ओर जाएगी तमिल राजनीति, पढ़ें बड़ी भविष्यवाणी
7 of 7
पन्नीरसेल्वम
वर्तमान मुख्यमंत्री ओ. पन्नीरसेल्वम का जन्म 14 जनवरी 1951 को हुआ था। जयललिता के विश्वस्त रहे पन्नीरसेल्वम की जन्म कुंडली उपलब्ध नहीं है किन्तु उनकी जन्म राशि मीन से चल रहा ग्रहों का गोचर आने वाले दिनों में उनके सफल राजनेता बनने की संभावना दिखा रहा है।
https://astrologicalmusings.com/