Budh Gochar in Mithun Rashi: वैदिक ज्योतिष में बुध ग्रह बुद्धि और तर्क के स्वामी ग्रह माने जाते हैं। यह जातक की कुंडली में तीसरे और छठे भाव के स्वामी हैं। यदि बुध अपनी स्वराशि मिथुन और कन्या में हो तो अनुकूल स्थिति में होता है और जातकों को अच्छे परिणाम मिलते हैं। वहीं दूसरी ओर जब बुध कन्या राशि में उच्च और शक्तिशाली स्थिति में होता है तो यह जातकों को व्यापार, व्यापार और सट्टेबाजी में अपार सफलता देता है। बुध गृह 24 जून को स्वराशि मिथुन में दोपहर 12:35 पर गोचर करेंगे और 8 जुलाई तक उसमें विराजमान रहेंगे। इस गोचर के दौरान जातकों को सकारात्मक और नकारात्मक दोनों तरह के परिणामों का सामना करना पड़ सकता है। मिथुन राशि में बुध गृह के गोचर के दौरान सूर्य की पहले से उपस्थिति बुधादित्य योग का निर्माण करती है। ऐसे में बुध का मिथुन राशि में गोचर कुछ राशियों को विशेष लाभ दिला सकता है। आइए जानते हैं किन कौन सी राशि के जातक हैं जिन्हें गोचर से लाभ मिलने की संभावना है।