Mangal Ka Rashi Parivartan: ज्योतिषशास्त्र के अनुसार मंगल ग्रह साहस, पराक्रम, वीरता, ऊर्जा, नेतृत्व, का प्रतीक माना जाता है। मंगल ग्रह वृश्चिक और मेष राशि के स्वामी है। मकर इसकी उच्च राशि है और कर्क इसकी नीच राशि कहलाती है। यानी मंगल ग्रह मकर राशि में हमेशा शुभ परिणाम देते हैं जबकि कर्क राशि में व्यक्ति को शुभ परिणाम प्राप्त होते हैं। अन्य ग्रहों की बात करें तो ग्रहों में मंगल सूर्य और चंद्रमा के मित्र हैं। लेकिन शुक्र के साथ शत्रुता का संबंध है। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, मंगल ग्रह को एक राशि से दूसरी राशि में जाने में 45 दिन लगते हैं। मंगल एक बार फिर मेष राशि से निकलकर 10 अगस्त 2022 को रात 09.43 बजे वृष राशि में प्रवेश करेंगे। मंगल का शुक्र में गोचर कई बदलाव लाएगा, जिसका प्रभाव सभी राशियों के लोगों पर पड़ेगा। आइए जानते हैं मंगल के इस गोचर का राशियों पर क्या प्रभाव पड़ेगा।