ओलंपिक, विश्व कप, एशियाई खेल और राष्ट्रमंडल खेलों में पदक जीतकर देश और उत्तराखंड का नाम रोशन करने वाले खिलाड़ियों को जल्द प्रदेश में नौकरी मिल सकेगी।
मुख्य सचिव ने खेल विभाग अधिकारियों को दूसरे राज्य और केंद्र की नीतियों का अध्ययन कर प्रस्ताव बनाने के निर्देश दिए हैं। मंजूरी के लिए इसे कैबिनेट की बैठक में रखा जाएगा। अंतरराष्ट्रीय पदक विजेताओं का पलायन रोकने के लिए राज्य सरकार ने कवायद तेज कर दी है।
गुरुवार को कार्मिक, न्याय और खेल विभाग की बैठक में मुख्य सचिव एन रविशंकर ने राज्य में नौकरी के लिए उपयुक्त विभागों पर चर्चा की। खिलाड़ियों को आउट ऑफ टर्न नौकरी के लिए उपयुक्त विभाग तय करने की बात कही गई। राज्य सरकार की निगाह में फिलहाल पुलिस, शिक्षा, वन विभाग हैं।
प्रतियोगिता के स्तर और मेडल के आधार पर नौकरी की श्रेणी तय करने को कहा गया है। विस्तृत प्रस्ताव तैयार कर कैबिनेट में रखा जाएगा। बैठक में प्रमुख सचिव न्याय केडी भट्ट, प्रमुख सचिव कार्मिक राधा रतूड़ी, सचिव खेल शैलेश बगोली आदि रहे।