भारत के चीफ कोच रोलैंट ओल्टमैंस ने कहा कि टीम चिर प्रतिद्वंद्वी पाकिस्तान के खिलाफ शनिवार को खेले जाने वाले अहम सेमीफाइनल के लिए तैयार है। उन्होंने कहा, ‘पाकिस्तान ने बेशक नीदरलैंड के खिलाफ बेहतरीन खेली लेकिन हमें भावुक होने के बजाय जरूरत अपनी रणनीति को अमली जामा पहनाने की होगी।
मनमाफिक नतीजे पाने के लिए हमें अपनी पूरी ताकत झोंकनी होगी। हमें पाकिस्तान से पूरी तरह चौकस रहना होगा। हमारे पास यह सेमीफाइनल जीत मेडल जीतने का 75 फीसदी मौका है। हम चैंपियंस ट्रॉफी में इतिहास रचने के कगार पर खड़े हैं।’
भारत ने चैंपियंस ट्रॉफी में इससे पहले केवल एक बार 1982 में कांसा जीता था। बकौल ओल्टमैंस, ‘धर्मवीर को हल्की चोट है लेकिन उनके पाकिस्तान के खिलाफ इस अहम सेमीफाइनल में खेलने की पूरी उम्मीद है। फुलबैक बीरेंद्र लाकड़ा का फिट होना हमारे लिए अच्छी खबर है। मैं किसी तरह का दबाव महसूस नहीं करता न ही मेरी तरह टीम।
हम यहां खुद को बेहतर करने आए हैं। हम दुनिया को यह दर्शाना चाहते हैं कि हम टॉप टीमों के करीब पहुंच रहे हैं। मेरा मानना है कि हम दुनिया को यह दिखा भी चुके हैं। हम अपनी प्रगति से खुश हैं। मेरे लिए यह सेमीफाइनल टूर्नामेंट के एक मैच से ज्यादा कुछ नहीं है। आपको इसी तरह आगे बढ़ना है। हर वक्त बेहतर करने की गुंजाइश रहती है।
यहां टॉप 4 मे पहुंचना वाकई उपलब्धि है। पाकिस्तान तेज जवाबी हमले तो बोलती ही है उसके पास मोहम्मद इरफान और मोहम्मद इरफान के रूप में दो बढ़िया ड्रैग फ्लिकर हैं। हमारी रक्षापंक्ति उनसे निबटने के लिए पूरी तरह चौकस है। हम इस मैच में भावनाओं में बहने की बजाय अपनी रणनीति को मैदान पर अमली जामा पहनाने के लिए खेलेंगे।’