पिछली बार भयंकर हादसे की खौफनाक तस्वीर जब सामने आती है तो सब कुछ कांप जाता है। बावजूद इसके बाप बेटे की जोड़ी सजोबा रैली को जीतकर इसका सुखद अंत करना चाहती हैं।
हम बात कर रहे हैं 60 वर्षीय पिता प्रदीप गुप्ता की और 20 वर्षीय उनके बेटे अनमोल की जोकि सजोबा सब हिमालयन रैली में एक साथ हिस्सा ले रहे हैं।
बाप बेटे की जोड़ी रैली में एक्सट्रीम वर्ग में ग्रैंड विटारा में सवार होकर अन्य प्रतियोगिओं को चुनौती देते दिखाई देंगी। पिता प्रदीप गुप्ता पेशे से बिजनेसमैन हैं, वहीं बेटा अनमोल अभी अपनी पढ़ाई कर रहा है।
ऐसे बनी बाप बेटे की जोड़ी
प्रदीप गुप्ता पिछले कुछ सालों से अपने शौक के कारण रैली में हिस्सा ले रहे हैं। अनमोल ने बताया कि पिता शुरू में (टीम स्पीड डिस्टेंस) टीएसडी आधार रैली में हिस्सा लेते थे। उम्र के हिसाब से पिता के दोस्तों ने रैली में हिस्सा लेना बंद कर दिया।
एक दिन बेटे अनमोल ने रैली में हिस्सा लेने की इच्छा जाहिर की। पिता को एक साथी की तलाश थी जो उन्हें मिल गई। उस दिन से पिता और पुत्र की जोड़ी बन गई और इन्होंने मिलकर रैली में हिस्सा लेना शुरू कर दिया।
रैली में हुए हादसे के बावजूद लेंगे हिस्सा
अनमोल ने बताया पिछले साल मुगल रैली में वह पिता के साथ हिस्सा ले रहे थे। पहाड़ पर 13 हजार फुट पर पहुंचकर एक दम से कर्व आया, जिससे गाड़ी पलट गई। इसमें पिता प्रदीप गुप्ता घायल हो गए। उनकी रीड के हड्डी के निचले हिस्से में झुकाव आ गया। कई महीनों तक बेड रेस्ट पर रहे। बावजूद इसके पिता और पुत्र के हौसले बुलंद हैं।
मां को लगा रहता है डर
बेटे ने बताया कि जब भी कभी रैली में हिस्सा ले रहे होते हैं तो घर में मेरी मां रेखा को हमेशा चिंता लगी रहती है। वह हमें खतरनाक रैलीयाें में हिस्सा लेने के लिए मना करती हैं, लेकिन मुझे और पिता को एडवेंचर स्पोर्ट्स में हिस्सा लेने अच्छा लगता हैं।