फिल्म अभिनेता जॉन अब्राहम की टीम ने हॉकी के मैदान पर कमाल दिखाते हुए हॉकी इंडिया लीग (एचआईएल) का खिताब जीत लिया। अब्राहम की टीम दिल्ली वेवराइडर्स ने रांची में खेले गए बेहद रोमांचक मुकाबले में पंजाब वॉरियर्स को पेनल्टी शूट आउट में 3-1 से हराकर लीग के दूसरे संस्करण में चैंपियन बनने का गौरव हासिल कर लिया।
दिल्ली की टीम गत वर्ष रांची राइनोज से हारकर उपविजेता रही थी, लेकिन इस बार उसने खिताब जीतने का अपना सपना पूरा कर लिया। दोनों टीमें निर्धारित 70 मिनट की समाप्ति पर 3-3 से बराबर थी जिसके बाद पेनल्टी शूट आउट का सहारा लिया गया।
दिल्ली ने इस जीत के साथ ही ढाई करोड़ रुपए की विजेता पुरस्कार राशि अपने नाम की जबकि पंजाब की टीम को सवा करोड़ रुपए से ही संतोष करना पड़ा। तीसरे स्थान पर रहने वाली पूर्व चैंपियन रांची राइनोज को 75 लाख रुपए मिले।
पहले हॉफ में एक गोल से आगे थी दिल्ली
तेज गति से खेले गए फाइनल में दिल्ली की टीम आधे समय तक 2-1 से आगे थी। हालांकि मार्क नोल्स ने टूर्नामेंट का सबसे तेज गोल दागते हुए पंजाब को दूसरे ही मिनट में बढ़त दिला दी थी। दिल्ली को बराबरी पर आने के लिए 33वें मिनट तक इंतजार करना पड़ा।
लॉयड नोरिस जोंस ने दिल्ली के लिए बराबरी का गोल दागा। इसके दो मिनट बाद मिले पेनल्टी कार्नर पर रुपिंदर पाल सिंह ने शॉट न लेकर गेंद कप्तान सरदार सिंह की तरफ खिसकाई जिन्होंने गोल करने में कोई गलती नहीं की।
दूसरे हॉफ में पंजाब ने तीन मिनट के अंतराल में दो गोल दागकर बढ़त बना ली। शिवेंद्र सिंह ने 45वें और अफ्फान यूसुफ ने 48वें मिनट में ये गोल किए। लेकिन, 51वें मिनट में युवराज वाल्मीकि ने दिल्ली को 3-3 की बराबरी पर ला दिया।
शूट आउट में पंजाब का जादू नहीं चला
दूसरे हॉफ में दो गोल दागकर मैच को बराबरी पर लाने वाली पंजाब टीम की किस्मत पेनल्टी शूट आउट में रूठ गई लेकिन दिल्ली का भाग्य चमक उठा। साइमन ओरकर्ड पंजाब का पहला शॉट चूक गए लेकिन मैथ्यू गोडेस ने दिल्ली का पहला शॉट गोल में पहुंचा दिया।
पंजाब के लिए जैमी ड्वेयर और सतवीर सिंह ने अगले दो शॉट गंवा दिए जबकि राजपाल सिंह ने दिल्ली का दूसरा शॉट गंवाया। साइमन चाइल्ड ने दिल्ली का तीसरा शॉट गोल में पहुंचाकर अपनी टीम को 2-0 से आगे कर दिया।
पंजाब के लिए राब हैमंड ने चौथे प्रयास में गोल किया जबकि स्टीव एडवर्ड्स ने जैसे ही दिल्ली के चौथे प्रयास को गोल में बदलकर टीम को 3-1 से आगे किया दिल्ली के खिलाड़ी पहली बार एचआईएल जीतने की खुशी में उछल पडे़।
खिलाड़ियों पर भी हुई पैसों की जमकर बारिश!
ऐसा नहीं है कि सिर्फ टीम पर ही जमकर पैसों की बारिश हुई है। कई खिलाड़ियों ने भी अच्छे प्रदर्शन के दम पर मालामाल हो गए हैं। टूर्नामेंट के सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी को 25 लाख रुपए का इनाम मिला, जबकि 10 लाख रुपए टूर्नामेंट में सर्वाधिक गोल करने वाले खिलाड़ी को मिले। साथ ही 20 लाख रुपए टूर्नामेंट के उदीयमान खिलाड़ी को मिले।
इससे पहले पिछली बार की चैंपियन रांची राइनोज टीम ने उत्तर प्रदेश विजार्ड्स को पेनल्टी शूट आउट में 3-2 से हराकर लीग के दूसरे संस्करण में तीसरा स्थान हासिल कर लिया। रांची की टीम पिछले वर्ष चैंपियन रही थी लेकिन इस बार उसे तीसरे स्थान से ही संतोष करना पड़ा।
आधे समय तक रांची और यूपी की टीमें 1-1 से बराबर थीं। उत्तर प्रदेश ने कप्तान वीआर रघुनाथ के 15वें मिनट में पेनल्टी कार्नर पर किए गोल से बढ़त बनाई जबकि मनप्रीत सिंह ने 30वें मिनट में मैदानी गोल से रांची को बराबरी पर ला खड़ा किया। इसके बाद दोनों टीमें कोई गोल नहीं कर सकीं और मैच का फैसला पेनल्टी शूटआउट में हुआ जहां रांची ने बाजी मार ली और तीसरा स्थान हासिल किया।