डीएनए के साथ कॉपर साल्ट का प्रयोग कर भविष्य में सुपर कंप्यूटर के साथ ही सस्ते कंप्यूटर का निर्माण संभव हो सकेगा। यूनिवर्सिटी ऑफ ईस्ट एंजिला के शोधकर्ताओं ने कॉपर साल्ट और ईडीटीए का प्रयोग कर नई संरचना हासिल की है।
प्रमुख शोधकर्ता जो वॉलर का कहना है कि हमारे शोध ने यह बताता है कि किस प्रकार डीएनए संरचना को परिवर्तित किया जा सकता है और इस प्रकार से प्रयोग में लाया जा सकता है जिसके बारे में हमें अनुमान नहीं था। डीएनए संरचना को कॉपर साल्ट का प्रयोग कर हेयर पिन संरचना में दूसरी बार परिवर्तित किया जाता है।
इससे पहले डीएनए संरचना में केवल एक बार ही परिवर्तन संभव था, लेकिन पहली बार यह बताया गया कि संरचना को दूसरी बार कैसे परिवर्तित किया जा सकता है।
नैनो तकनीक के क्षेत्र में डीएनए का प्रयोग छोटी मशीनों और सिलिकॉन के स्थान पर डीएनए आधारित कंप्यूटर के निर्माण में किया जाता है।