मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा द्वारा अपने कार्यकाल में अब तक की गई विकास की घोषणाओं में से 60 घोषणाओं पर काम नहीं हो पाएगा। जिला प्रशासन ने लिखित रूप में यह बात स्वीकार की है और सरकार को भी इसके कारणों का उल्लेख किया है। इनमें मुख्य रूप से फतेहाबाद में बनने वाला इंडस्ट्रियल हब, धांगड़ में इंजीनियरिंग कॉलेज, हुडा संपदाधिकारी का कार्यालय, रतिया में लाइब्रेरी, दर्जनों स्कूल अपग्रेडेशन और सड़कों का निर्माण शामिल हैं। इन पर अब काम नहीं हो पाएगा।
मुख्यमंत्री ने एक जनवरी 2005 से 24 जुलाई 2014 तक जिले में विकास कार्यों के लिए 287 घोषणाएं की थीं, जिसमें से 60 घोषणाओं को जिला प्रशासन ने नोटफिजिबल बताकर योजनाओं पर काम शुरू नहीं करवाया। इनमें फतेहाबाद में 500 एकड़ में बनने वाला इंडस्ट्रियल एरिया शामिल है। इसका कारण बताया गया है कि हिसार में इंडस्ट्रियल हब स्थापित है, इसलिए इसकी यहां कोई जरूरत नहीं है। गांव धांगड़ में पॉलीटेकिभनक कालेज पदोन्नत कर इंजीनियरिंग कालेज बनाया जाना था। इसके लिए ग्राम पंचायत ने 15 एकड़ भूमि देने के लिए हामी भरी थी। लेकिन सरकार के तकनीकी शिक्षा विभाग ने यह कह कर इसे रद कर दिया कि प्रदेश में काफी इंजीनियरिंग कॉलेज हैं और उनमें बहुत सीटें खाली पड़ी हैं।
नहीं बनेगी लाइब्रेरी
रतिया पब्लिक लाइब्रेरी के लिए नगरपालिका के पास जगह नहीं है। भट्टूकलां में फुटबॉल नर्सरी इसलिए नहीं बनेगी, क्योंकि स्कूलों में पहले से ही काफी मदान हैं। अलीका में घग्घर पुल की घोषणा वहां के एमएलए ने गलती से हुई बताई है। अब यहां पुल नहीं बनेगा।
इन कार्यों पर लटकी तलवार
गांव अलीकां, गोरखपुर, सुखलमपुर, खाराखेड़ी, सरवरपुर इत्यादि गांवों में प्राइमरी हेल्थ सेंटर नहीं बनेंगे, क्याेंकि इनके आसपास के गांवों में पहले से ही उपस्वास्थ्य केंद्र व आयुर्वेदिक डिस्पेंसरी काम कर रहे हैं। गांव बोदीवाली, ढ़ाणी डुल्ट, धीड़, काजलहेड़ी, एमपी सोतर, अयालकी, भोड़ियाखेड़ा, कुदानी, ललोदा के हाई स्कूल सीनियर सेकेंडरी में अपग्रेड नहीं हो पाऐंगे। इसका कारण यहां छात्रों की संख्या का कम होना बताया गया है। अपग्रेड के लिए 150 छात्रों का होना आवश्यक है। गांव माजरा में मिडिल स्कूल हाई स्कूल में अपग्रेड नहीं हो पाएगा। भट्टूकलां ढ़ाणियों में आरजीजीवीवाई योजना के तहत बिजली नहीं दी जा सकती। गोरखपुर, बैजलपुर, ढ़ाणी चानन, मल्लड़, चुघेवाली, ढ़ाणी ईसर, हिजरावांकलां, दरियापुर, अकांवाली, धौलू, टिब्बी व नादौड़ी इत्यादि गांवों की सड़कें नहीं बनाई जा सकेंगी। क्योंकि इन नई सड़कों के लिए विधायक ने जो सड़कें स्वीकृत करवाई हैं, यह उनमें शामिल नहीं हैं।
मुख्यमंत्री ने एक जनवरी 2005 से 24 जुलाई 2014 तक जिले में 287 घोषणाएं की थीं, जिनमें से 161 पर काम पूरा हो चुका है। 19 योजनाओं पर अभी काम शुरू नहीं हुआ, 47 पर अभी काम प्रगति पर है। और 60 घोषणाएं नोटफिजिबल हैं।
डीके बेहरा, उपायुक्त, फतेहाबाद ।