महोबा। जनपद न्यायालय प्रांगण में जनपद न्यायाधीश पीयूषचंद्र श्रीवास्तव की अध्यक्षता में राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया गया जिसमें 1630 वादों का आपसी सुलह समझौते के आधार पर निस्तारण कराया गया। साथ ही एक लाख 76 हजार 895 रुपये अर्थदंड के रूप मेें वसूला गया। राष्ट्रीय लोक अदालत में वादों के निस्तारण के लिए सुबह से ही वादकारियों की भीड़ जुटी रही। शाम 5 बजे तक चली लोक अदालत में बैंक ऋण से संबंधित प्रीलिटिगेशन स्तर के वाद 436, लघु आपराधिक मामलों के 980, राजस्व के 111, चकबंदी के 16, वैवाहिक मामलों के 25, मोटर दुर्घटना प्रतिकर के 6, उपभोक्ता फोरम के 15, सिविल प्रकीर्ण के 27, स्टांप एवं रजिस्ट्रेशन के 6 समेत 1630 वादों का निस्तारण किया गया। राष्ट्रीय लोक अदालत में प्रतिकर धनराशि के रूप में 3010772 रुपये दिलाए गए जबकि 16288150 रुपये की धनराशि विभिन्न बैंकों को सेटलमेंट धनराशि के रूप में दिलाई गई। इस मौके पर अपर जिला जज त्वरित न्यायालय, रामकुशल, संतोष कुमार मौर्य, नवीन कुमार सिंह, संजय कुमार चतुर्थ, महेंद्र कुमार, अभिषेक खरे आदि मौजूद रहे।