कहते हैं रोना आंखों और मन दोनों के लिए अच्छा होता है। रोने से जहां आंखें साफ होती हैं वहीं मन भी हल्का महसूस करता है। लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि रोने पर आंखों से गिरने वाले आंसू कैसे दिखते होंगे। आम इंसान के लिए तो वे बस आंख से बहने वाला पानी है लेकिन शोधकर्ताओं की नजर में यह एक बड़ा मसला है।
हाल ही में एक शोध सामने आया जिसमे बताया गया कि आंखों से गिरने वाले आंसुओं का आकार उनकी वजह पर निर्भर करता है। शोधकर्ता रोस लिन फिशर ने आंसुओं की बारीकी जानने के लिए 100 अलग तरह के आंसुओं पर जांच की और पाया कि खुशी के आंसुओं का आकार प्याज काटने पर आने वाले आंसुओं से बिलकुल अलग है। उनके इस शोध का नाम है 'द टोपोग्राफी ऑफ टियर्स'।