यदि आप अवसाद रोधी दवाओं का सेवन कर रहे हैं और किसी कारण साथ में दर्द निवारक दवा भी ले रहे हैं तो सचेत रहें, क्योंकि मात्र एक माह के भीतर दवाओं का यह कॉम्बो आपमें ‘इंट्राक्रेनियल हैमरेज’ का खतरा पैदा कर सकता है।
इसमें मस्तिष्क के भीतर होने वाला रक्तस्राव स्थायी रूप से दिमाग को नष्ट भी कर सकता है और व्यक्ति को मौत की नींद भी सुला सकता है।
कोरियन शोधकर्ता के मुताबिक अवसाद रोधी दवा के साथ नॉनस्टेरॉइड एंटी-इंफ्लेमेटरी दर्दनिवारक दवाओं का सेवन करने वाले 1000 लोगों में से 6 लोग एक माह के भीतर ‘इंट्राक्रेनियल हैमरेज’ के शिकार हुए हैं।