ओडिशा के मयूरभंज जिले में छह दरिंदों ने अस्पताल परिसर में दिनदहाड़े पति के सामने ही एक आदिवासी महिला को अपनी हैवानियत का शिकार बनाया। इंसानियत को शर्मसार कर देने वाले इस घटना के दौरान वहां मौजूद लोग मूकदर्शक बने रहे। हरकत में आई पुलिस ने सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
जानकारी के अनुसार दांतियामुहा गांव की 25 वर्षीय यह आदिवासी महिला अपने पति के साथ अपने बीमार भाई को देखने के लिए अस्पताल गई थी। उसके भाई को एक दुर्घटना के बाद अस्पताल में भर्ती कराया गया था।
शाम के समय छह लोगों ने उसे छेड़ना शुरू कर दिया। जब उसके पति ने विरोध जताया तो आरोपियों ने उस पर काबू पा लिया और एक पेड़ से उसे बांध दिया तथा उसके सामने महिला के साथ सामूहिक बलात्कार किया।
पीड़िता द्वारा प्राथमिकी दर्ज कराए जाने के बाद पुलिस ने सभी छह आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया और उन्हें चिकित्सा परीक्षण के लिए भेज दिया।
गिरफ्तार किए गए लोगों की पहचान बारीपदा टाउन के कुंदन मुखी (33) तथा बारीपदा में सुनगाड़िया के रघु बिस्वाल (19) , गोपी मुखी (19) , बलराम मुखी (27) , शिवराम घदेई (20) तथा चंदन मुखी (20) के रूप में की गई है।
घटना का विरोध करते हुए झारखंड मुक्ति मोर्चा ने जिला कलेक्टरेट पर प्रदर्शन किया और पीड़िता को 50 लाख रुपए मुआवजा दिए जाने तथा मामले की फास्ट ट्रेक अदालत में नियमित आधार पर सुनवाई किए जाने की मांग की।