बीते लोकसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्टी के घोषणा पत्र में की गई बुलेट ट्रेन की घोषणा अब सच होने की ओर है। जापान के प्रधानमंत्री शिंजो अबे और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बुलेट ट्रेन की परियोजना पर शनिवार को हस्ताक्षर कर दिए। इस समझौते के बाद लगभग 98 करोड़ रुपये की लागत से देश में बुलेट ट्रेन का काम शुरू हो जाएगा।
समझौते के बाद दोनों देश के प्रधानमंत्रियों ने साझा बयान भी जारी किया। पीएम मोदी ने कहा कि समझौते के बाद मुंबई अहमदाबाद के मध्य बुलेट ट्रेन का सपना साकार हो जाएगा। इसके लिए हम जापान के शुक्रगुजार हैं। बुलेट ट्रेन परियोजना की कीमत लगभग 98 हजार करोड़ है। इसके लिए भारत, जापान को 0.1 फीसदी से दर से ब्याज चुकाएगा। वहीं इसके अलावा दोनों देशों ने परमाणु करार के समझौते पर भी हस्ताक्षर किए। इस समझौते के दौरान पीएम नरेंद्र मोदी और जापानी पीएम शिंजो आबे के साथ-साथ अन्य सहयोगी मौजूद थे।
इशरत जहां थी आत्मघाती हमलावर
26/11 के मुंबई हमले के प्रमुख सूत्रधार डेविड हेडली ने इशरत जहां के बारे में बड़ा खुलासा किया है। उसने राष्ट्रीय जांच एजेंसी को बताया है कि 2004 में अहमदाबाद में मारी गई मुंबई की लड़की इशरत जहां लशकरे-ए-ताइबा आत्मघाती हमलावर थी। सूत्रों के अनुसार हेडली ने यह जानकारी अमेरिका में एनआईए और विधि विभाग की चार सदस्यों वाली टीम के साथ साझा की।
बताते चलें कि इशरत जहां के मुठभेड़ में मारे जाने के बाद भारतीय जनता पार्टी के मौजूदा अध्यक्ष अमित शाह औऱ गुजरात सरकार को काफी विरोध झेलना पड़ा था। इशरत मुंबई से सटे ठाणे के मुंब्रा इलाके की रहने वाली थी। वो 15 जून 2004 को जावेद शेख उर्फ प्रणेश पिल्लई और पाकिस्तान के दो युवकों अमजद अली एवं जीशान जोहर अब्दुल गनी के साथ अहमदाबाद के बाहरी इलाके में मुठभेड़ में मारी गई थी। उसके परिवार का दावा था कि वह छात्रा थी। इशरत की मां शमीमा कौसर ने गुजरात हाईकोर्ट में याचिका दाखिल की थी, जिसमें कहा गया है कि इशरत परफ्यूम बिजनेस में सेल्स गर्ल का काम करती थी।
ताशकंद में मौजूद थे नेता जी!
नेता जी सुभाष चंद्र बोस के निधन और जीवित रहने की खबरों के बीच एक फोटो सामने आई है। तस्वीर उस वक्त की है जब तात्कालीन प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री ताशकंद गए थे। इस पर शोध कर रहे एक ब्रिटिश एक्सपर्ट ने उस तस्वीर की फेस मैपिंग के जरिए उस तस्वीर और नेता जी की असल तस्वीर के बीच समानता जाहिर की है।
ये तस्वीर 1966 की है जब तात्कालीन पीएम शास्त्री ताशकंद गए हुए थे। इस फॉरेंसिक रिपोर्ट के आधार पर शोध करने वाली टीम ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से अपील की है कि वे अपनी अगली मास्को यात्रा के दौरान इस फोटो की सच्चाई का खुलासा करने के लिए रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन से बातचीत करें।
फेस मैपिंग के जरिए शोधकर्ता नील मिलर ने यह बताया है कि फोटो और नेता जी के कान, नाक, आंख, माथा,दाढ़ी, और ठोड़ी में काफी समानता नजर आ रही है।
पिचाई ने कहा मुसलमानों का साथ देना होगा
अमेरिका के राष्ट्रपति पद के चुनाव में उम्मीदवार ट्रंप के बयान के बाद जहां मार्क जुकरबर्ग ने कहा था कि फेसबुक मुस्लिमों के लिए खुला हुआ है, वहीं अब गूगल के सीईओ सुंदर पिचाई ने भी कहा है कि हमें मुसलमानों का साथ देना होगा। पिचाई ने अपने ब्लॉग में लिखा है कि 'यह देख कर दुख होता है कि आज जिस तरह से आजकल खबरों में असहिष्णु चर्चा हो रही है'।
उन्होंने यह भी लिखा है कि हमें अमेरिका के साथ-साथ पूरी दुनिया के मुस्लिमों और अन्य अल्पसंख्यक समुदायों का समर्थन करना होगा। पिचाई ने लिखा है कि हम अपने मूल्यों को भय से मात न खाने दें। बता दें कि कुछ दिन पहले अमेरिका में राष्ट्रपति पद के लिए उम्मीदवारी का दावा कर रहे रिपब्लिकन डोनाल्ड ट्रंप ने अमेरिका में मुसलमानों के बाहर से आने पर रोक लगाने की मांग की थी। जिसके बाद से अमेरिका में उनका जबरदस्त विरोध हो रहा है।
यू्क्रेन के प्रधानमंत्री को पटकने की कोशिश
अभी तक आपने भारत की संसद में ही हंगामे और उठापटक का दौर देखा होगा, लेकिन यूक्रेन की संसद में भी शनिवार को ऐसा ही नजारा सामने आया। जहां यूक्रेन की संसद में एक ऐसा वक्त आया जब वहां बहुत ही गहमागहमी का माहौल पैदा हो गया। वहां के प्रधानमंत्री आर्सने यात्सेनयुक को बीपीपी पार्टी के सांसद आलोग बार्नो ने गुलदस्ता देने के बहाने फर्श पर पटकने की कोशिश की।
दरअसल पीएम आर्सने संसद में सरकार की सालाना रिपोर्ट पेश करने वाले थे, इस दौरान सभी सांसद उनसे औपचारिक मुलाकात कर रहे थे कि तभी आलोग उन्हें गुलदस्ता देने के बहाने मिलने आए और फिर उन्हें पीछे से पकड़ कर गिराने की कोशिश करने लगे। इतने में सभी सांसदों ने उन्हें पकड़ लिया जिसके बाद वहां जमकर हाथापाई हुई। इसके बाद सांसद के इस बर्ताव के लिए उनकी पार्टी के प्रमुख ल्यूटसेन्को ने संसद से माफी मांगी और उन्हें फटकारने की बात भी कही।