मंदिरों में अब जल्द ही गैर ब्राह्मण पुजारियों की नियुक्ति की जाएगी। इसके लिए तिरुमाला तिरुपति देवस्थानम्स (टीटीडी) ने एक पायलट प्रोजेक्ट चलाने का फैसला किया है जिसमें करीब 200 दलितों को तीन महीनों तक प्रशिक्षण दिया जाएगा।
ऐसा पहली बार हो रहा है जब दुनिया के सबसे धनी मंदिर प्रशासन की तरफ से इस तरह का सर्टिफिकेट प्रोग्राम चलाया जाएगा। इसके लिए चित्तूर और पश्चिमी गोदावरी जिलों से दलितों का चुनाव किया जाएगा और उन्हें वैदिक पूजा पाठ का प्रशिक्षण दिया जाएगा।
हालांकि, टीटीडी अनुसुचित जनजातियों को प्रशिक्षण देने के लिए पहले भी ऐसे छोटे छोटे कार्यक्रमों का आयोजन कर चुका है लेकिन इस बार इसे बड़े पैमाने पर किया जाएगा। इसके लिए बाकायदा सर्टिफिकेट भी जारी किए जाएंगे।