फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

बवाल के बाद बरेली में तनावपूर्ण शांति

Fri, 01 Aug 2014 01:56 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, बरेली
विज्ञापन
विज्ञापन
पुराना शहर के मीरा की पैठ और सैलानी इलाके में बृहस्पतिवार को शांति रही लेकिन तनाव बरकरार है। उपद्रव के केंद्र रहे इलाके में सुरक्षा बलों की मौजूदगी के बीच दुकानें बंद रही जबकि दोनों ओर ज्यादातर दुकानें खुलीं। बाकी शहर में पूरे दिन अफवाहें जरूर फैलती रहीं लेकिन माहौल शांत रहा। बुधवार रात हुए उपद्रव के मामले में थाना बारादरी में छह सौ बलवाइयों के खिलाफ चार अलग-अलग मुकदमे दर्ज किए गए हैं। इनमें 27 लोगों को नामजद किया गया है। उधर, फेसबुक के जरिए धार्मिक भावनाएं भड़काने के आरोपी को पुलिस ने जेल भेज दिया है।
विज्ञापन


फेसबुक पर धार्मिक भावनाएं आगत करने वाली टिप्पणी के मामले में बुधवार रात पुराना शहर के मीरा की पैठ इलाके में बवाल हुआ था। एक समुदाय के लोगों ने पथराव, फायरिंग, तोड़फोड़ और आगजनी की थी। बृहस्पतिवार को इलाके  में पूरे दिन सुरक्षा बलों और पुलिस की गश्त जारी रही। दिनभर तरह-तरह की अफवाहें भी उड़ती रहीं लेकिन शेष शहर में जनजीवन आम दिनों की तरह रहा। मामले में पहला मुकदमा छोटे लाल गुप्ता की ओर से जानलेवा हमला, बलवा, धार्मिक भावनाएं भड़काने और 7 क्रिमनल लॉ अमेंडमेंट एक्ट की धाराओं के तहत 450 लोगों पर दर्ज किया गया। इसमें 27 लोगों को नामजद किया गया है। रामेश्वर दयाल की दुकान में तोड़फोड़ और हीरालाल का ठेला जलाने और बलवा करने, के आरोप में दूसरा मुकदमा रोहली टोला के सुनील कुमार चौहान ने छह सौ बलवाइयों के खिलाफ लिखाया है।

इस मुकदमे में भी दर्जन भर लोग नामजद किए गए हैं। तीसरा मुकदमा सहसवानी टोला के अनुभव ने दर्ज कराया है जिनकी दुकान में तोड़फोड़ की गई थी। बलवाइयों के खिलाफ चौथा मुकदमा पुलिस की ओर से पथराव और गालीगलौज करने के आरोप में दर्ज किया गया है। इससे पहले एक व्यक्ति की ओर से 28 जुलाई को पुराना शहर घेर जाफर खां के दो लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया था। दोनों पर फेसबुक पर आपत्तिजनक टिप्पणी करने का आरोप है। उपद्रव के बाद बुधवार रात ही पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया था। बृहस्पतिवार को पुलिस ने उसे कोर्ट में पेश किया जहां से उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया।
विज्ञापन

बलवाइयों की गिरफ्तारी को कल तक की मोहलत

भाजपा ने मीरा की पैठ इलाके में बुधवार रात को हुए बवाल के दोषियों को शनिवार तक गिरफ्तार करने का अल्टीमेटम देते हुए रविवार को आगे की रणनीति तय करने का फैसला लिया है। पार्टी के प्रतिनिधिमंडल ने बृहस्पतिवार को एसएसपी से मुलाकात कर कहा कि आस्था को फेसबुक पर आघात पहुंचाने वाले नामजद आरोपी का पार्टी समर्थन नहीं करती लेकिन क्षेत्र में जो कुछ और जिस तरह हुआ, उसका विरोध करती है। इससे पहले पार्टी नेताओं ने सुबह केंद्रीय कपड़ा राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) संतोष गंगवार और प्रदेश अध्यक्ष डा. लक्ष्मीकांत वाजपेयी को पूरे घटनाक्रम से अवगत कराया।

इलाके में खौफ फैला चाहते थे उपद्रवी
बुधवार रात मीरा की पैठ पर बवाल का जो दृश्य था, उसके विश्लेषण पर एक बात साफ हो जाती है कि इसमें लिप्त लोगों का असल मकसद दंगा करना नहीं बल्कि इस इलाके में दंगे का खौफ भर दिखाना था। धार्मिक भावना भड़काने के नाम पर प्रायोजित इस उपद्रव में कोई बड़ा नुकसान नहीं किया गया। उपद्रवियों ने लक्ष्यों पर कम और खाली सड़क पर ज्यादा पथराव किया। दिखाने के लिए एक कबाड़ में आग लगा कर भी डराया। सड़क पर बोतलें पटकी गई। बिजली गुल थी।

गरमी के मारे तंग गलियों और घनी बस्ती वाले पुराने शहर के इस हिस्से में लोग घरों से बाहर हवा लेने के लिए दोस्तों और परिचितों से गुफ्तगू में लगे थे कोई चबूतरे पर बैठा था। खुफिया सूत्रों की मानें तो रात 10 से साढ़े 10 के बीच  फेसबुक  पर आपत्तिनजक टिप्पणी को शेयर करने वाले  युवक पर एफआईआर दर्ज होने के बाद भी तय तिथि तक कार्रवाई न होने का मुद्दा नुक्कड़ों पर तेजी से चर्चा का विषय बना। अचानक उन्माद कुछ लोगों ने उन्म लाद का माहौल बनाया दिया।

एक सभासद समेत पांच के नाम सामने आए

पुराना शहर के मीरा की पैठ इलाके में बुधवार रात हुए बवाल के दौरान जिस तरह से भीड़ जुटी, जिस तरह उपद्रव हुआ और दबदबा बनाने की कोशिश की गई, वह इत्तिफाक नहीं बल्कि उसके पीछे कोई मास्टर माइंड जरूर था। खुफिया टीमों ने भी यह मानते हुए मास्टर माइंड का खुलासा करने को जांच तेज कर दी है।

बृहस्पतिवार शाम तक पांच नाम सामने आए हैं। उच्चाधिकारियों को इससे अवगत करा दिया गया है।

खुफिया सूत्रों ने बताया कि बवाल के पीछे एक सपा समर्थित सभासद एक पूर्व सभासद के दो बेटे और एक अन्य को चिह्नित कर लिया है जबकि एक अन्य की भूमिका की छानबीन की जा रही है। जांच इस बिंदु पर भी की जा रही है कि फेसबुक पर आपत्तिजनक टिप्पणी को शेयर करने से नाराज पक्ष के मुअज्जिज लोगों को कार्रवाई के बारे में समझा लिया था फिर अचानक ये बवाल क्यों हुआ। सूत्रों ने बताया कि इस घटना में शामिल पांचवे नाम का भी जल्द ही खुलासा होने वाला है।
विज्ञापन

नामजद आरोपियों से होगी वसूली

मीरा की पैठ कांड के बाद पुलिस प्रशासन ने अब वर्ष 2012 के अगस्त में हुए दंगे के बाद बरेली को अमन की राह पर लौटाने के लिए तय किए गए लॉ एंड आर्डर संबंधी 18 बिंदुओं पर कड़ाई से अमल कराने का फैसला किया है। इसी क्रम में मीरा की पैठ में आगजनी, पथराव और तोड़फोड़ से हुई क्षति की पूर्ति के लिए मुकदमे में नामजद आरोपियों से वसूली कराने का निर्णय लिया गया है।

एसएसपी ने कहा कि क्षतिग्रस्त हुए कार, खोखे और अन्य संपत्ति का ब्योरा बनाया गया है। नुकसान का आकलन किया जा रहा है फिर इसकी वसूली होगी। तय 18 नियमों के तहत किसी भी आयोजन या कार्यक्रम के दौरान ऐसी क्षति होने पर संबंधितों से वसूली और शांति व्यवस्था के प्रभावित होने पर आयोजकों या संबंधित संस्था के पदाधिकारी से तय ऊंची मुचलका राशि की वसूली करायी जानी है। धौरा टांडा और दुनका प्रकरण में अनुमति हासिल करते समय इन शर्तों का अनुपालन करने की शपथ पर हस्ताक्षर करने वालों से भी ऐसी ही वसूली कराई जाएगी।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें