टिहरी गढ़वाल उपचुनाव के नतीजे से उत्साहित भाजपा को अब हिमाचल प्रदेश समेत पूरे देश में उम्मीद की किरण दिखने लगी है। ऐसे में पार्टी ने कांग्रेस पर चौतरफा हमला तेज कर दिया है। भाजपा ने कांग्रेस को टिहरी उपचुनाव से सबक लेने की नसीहत दी है। इतना ही नहीं कानून मंत्री सलमान खुर्शीद के इस्तीफे की मांग के साथ ही भाजपा वीरभद्र सिंह व इस्पात कंपनी से संबंधित ‘वीबीएस’ मामले की जांच की मांग को लेकर भी मैदान में कूद गई है।
भ्रष्टाचार के मुद्दे पर कांग्रेस को कटघरे में खड़ा करते हुए भाजपा ने रॉबर्ट वाड्रा मामले की जांच की मांग दोहराई है। पार्टी ने कहा है कि टिहरी उपचुनाव का नतीजा इस बात का सुबूत है कि देश में कांग्रेस के खिलाफ हवा बह रही है।
पार्टी को यह जीत तब मिली है जब वहां कांग्रेस ने मुख्यमंत्री के पुत्र को मैदान में उतरा था। पार्टी प्रवक्ता प्रकाश जावडेकर ने कहा कि अगले लोकसभा चुनाव में भी लोग कांग्रेस को इसी तरह सबक सिखाएंगे। उन्होंने वीरभद्र सिंह, सलमान खुर्शीद और रॉबर्ट वाड्रा से संबंधित मामले उठाते हुए कहा कि कांग्रेस की आलमारी से लगातार घोटालों के नए-नए कंकाल बाहर आ रहे हैं।
टिहरी उपचुनाव के नतीजे तथा वीरभद्र सिंह के आरोपों से घिर जाने से भाजपा को हिमाचल प्रदेश चुनाव में भी सकारात्मक नतीजों की उम्मीद बंधने लगी है। ऐसे में पार्टी ने सिंह पर हमला तेज कर दिया है। जावडेकर ने कहा कि जिन वीरभद्र सिंह को कांग्रेस हिमाचल प्रदेश में हीरो बता कर साफ सुथरा प्रशासन देने की बात कर रही है, वे ‘वीबीएस’ प्रकरण से पहले भी भ्रष्टाचार के एक मामले में आरोपी रहे हैं।
मामला अदालत में जाने पर ही उन्होंने केंद्रीय मंत्रिमंडल से इस्तीफा दिया था। उन्होंने कहा कि वीरभद्र सिंह कुछ भी दलील दें, लेकिन यह सच है कि इस लेनदेन के समय वे ही इस्पात मंत्री थे। सलमान खुर्शीद मामले में भाजपा ने कहा है कि उनके हलफनामे के झूठा होने का खुलासा होने के बाद उन्हें कानून मंत्री के पद पर बने रहने का हक नहीं है।