मध्य प्रदेश के इंदौर से भाजपा की सांसद और पूर्व केंद्रीय मंत्री सुमित्रा महाजन ने लोकसभा अध्यक्ष के लिए पर्चा भर दिया है।
सुमित्रा महाजन भाजपा के टिकट पर आठवीं बार सांसद चुनकर आईं हैं। संसद में सभी दलों ने सुमित्रा महाजन के नाम पर सहमति जताई है।
सुमित्रा का लोकसभा अध्यक्ष बनना तय माना जा रहा है। इससे पहले भाजपा के वरिष्ठ नेता और कानपुर से सांसद मुरली मनोहर जोशी का नाम भी लोकसभा अध्यक्ष पद की दौड़ में था।
कौन हैं सुमित्रा महाजन
संसद में मीरा कुमार की विरासत संभालने वाली सुमित्रा महाजन आठवीं बार इंदौर से सांसद चुनकर आईं हैं। संसद में सुमित्रा महाजन सबसे ज्यादा लंबे समय तक सेवा देने वाली महिला नेता हैं।
सुमित्रा महाजन का राजनीतिक करियर 1989 से शुरू हुआ जब उन्होंने पहली बार मध्यप्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस के कद्दावर नेता प्रकाश चंद सेठी को हराया। यह जीत उनके लिए एक बड़ा मोड़ साबित हुई।
तभी से सुमित्रा ताई आठ बार से इंदौर का प्रतिनिधित्व करती आ रही हैं।
विनम्र स्वभाव और स्वच्छ छवि बनी पहचान
इंदौर से आठ बार सांसद चुनी गईं महाजन को पूरी पार्टी में प्यार से सुमित्रा ताई कहकर पुकारा जाता रहा है और पूरे राजनीतिक फलक में उन्हें दलगत भावना से ऊपर उठकर समान आदर मिलता रहा है।
लोकसभा अध्यक्ष के तौर पर पिछले पांच वर्ष से सदन की कार्यवाही बहुत सहज और मिठास भरे अंदाज में चला रहीं मीरा कुमार के बाद लोकसभा को एक और सौम्य और विनम, चेहरा मिलने जा रहा है।
सुमित्रा महाजन के लगातार एक ही क्षेत्र से सांसद चुने जाने के पीछे का कारण उनकी साफ और बेदाग छवि भी है। अभी तक के लंबे राजनीति करियर के बावजूद उन पर किसी तरह का कोई दाग नहीं है इसलिए महाजन विरोधी भी उनके कायल हैं।
LLB तक पढ़ीं हैं सुमित्रा
सुमित्रा का जन्म सन 1943 में मध्यप्रदेश के चिपलुन में पुरुषोत्तम साठे और उषा साठे के घर हुआ। उन्होंने मास्टर ऑफ आर्ट (एमए) के बाद इंदौर यूनिवर्सिटी से एलएलबी की डिग्री हासिल की।
सुमित्रा का विवाह मध्यप्रदेश के ही महंत महाजन से हुआ। हालांकि उनका देहांत हो चुका है।
भारी मतों से हराया
16वीं लोकसभा चुनावों में सुमित्रा महाजन ने अपने विरोधी कांग्रेस के सत्यनारायण पटेल को भारी अंतर से हराया है। महाजन कांग्रेस के पटेल से करीब 4,66,301 वोटों से आगे रहीं।
महाजन को इस बार 8,54,372 लाख वोट मिले जबकि पटेल को मात्र 3,88,071 लाख वोट मिले। 16 वीं लोकसभा में मीरा कुमार के बाद वह दूसरी महिला अध्यक्ष होंगी।