गुजरात के मुख्यमंत्री नरेंद्र मोदी की हैदराबाद रैली में कई भावुक दृश्य दिखे। इनमें सबसे उल्लेखनीय रहा मोदी का 85 वर्षीय एक महिला का पैर छूना।
कनाडा में रहने वाले इस महिला के पुत्र ने ट्वीट करके अपनी मां के लिए आगे की दो सीट रिजर्व करने की मांग की थी। वह मोदी को नजदीक से देखना चाहती थीं। मोदी ने रैली में इसका खुलासा किया।
'डूब मरो, डूब मरो...सरकार चलाने वालों'
इस वाकये से अभिभूत मोदी ने मंच पर महिला के जब पैर छुए तो उन्होंने उन्हें आशीर्वाद दिया। रैली में मौजूद युवाओं ने इस दृश्य पर खूब तालियां बजाईं और नारे लगाए।
इसी तरह दिल के मरीज 86 वर्षीय स्वतंत्रता सेनानी इंद्रसेन रेड्डी को जब उनके परिवार वाले मोदी से मिलने की इजाजत नहीं दे रहे थे तो उन्होंने सत्याग्रह कर दिया।
मोदी ने चंद्रबाबू नायडू की टीडीपी पर डाले डोरे
मंच पर मोदी और रेड्डी गले मिले और एक दूसरे की तारीफ की।
एक लाख से ज्यादा जुटे लोग
देश में पहली बार जनसभा में आने वाले लोगों से बतौर शुल्क पांच रुपये लिए गए। इसके बावजूद एक लाख से ज्यादा लोग स्टेडियम में मौजूद थे। जबकि बहुत से लोग तो स्टेडियम के बाहर ही रह गए। एंट्री फीस में जमा हुई रकम उत्तराखंड आपदा कोष में दान कर दी जाएगी।
ओबामा के अंदाज में भाषण का समापन
मोदी ने ओबामा के अंदाज में भाषण का समापन किया। ओबामा की तरह रैली में मौजूद लोगों से ‘यस वी कैन, यस वी डू’ के नारे लगवाए।
मोदी के मंत्र
एक ही हो मजहब - इंडिया फर्स्ट
एक ही धर्मग्रंथ - भारत का संविधान
एक ही शक्ति - देश की जनशक्ति
एक ही भक्ति - देश की राष्ट्रभक्ति