मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने भाजपा के संस्थापक नेताओं अटल बिहारी वाजपेयी, लाल कृष्ण आडवाणी और मुरली मनोहर जोशी को किनारे करने की बातों को खारिज किया है।
उन्होंने कहा कि वे हमेशा पार्टी के लिए मार्गदर्शक रहेंगे। भाजपा ने इन तीनों बुजुर्ग नेताओं को संसदीय बोर्ड से हटा दिया है।
अक्तूबर में मध्य प्रदेश में होने वाली वैश्विक निवेशक सम्मेलन के प्रचार के सिलसिले में यहां आए चौहान ने कहा, ‘यह सवाल ही नहीं उठना चाहिए। पार्टी के संस्थापक अटल बिहारी वाजपेयी, लाल कृष्ण आडवाणी और मुरली मनोहर जोशी हमारे मार्गदर्शक हैं।’
उन्होंने कहा, ‘इन नेताओं ने पार्टी को खड़ा करने में अपना पूरा जीवन लगा दिया और पार्टी आगे भी उनके मार्गदर्शन में बढ़ती रहेगी। उन्हीं की वजह से लाखों लोग पार्टी से जुड़े। भविष्य में भी सरकार और संगठन उनके दिशानिर्देश में काम करते रहेंगे।’ दागी नेताओं के मुद्दे पर सुप्रीम कोर्ट की टिप्पणी के संबंध में चौहान ने कहा कि इस संबंध में हमारा पक्ष पहले से ही साफ है। आपराधिक पृष्ठभूमि और भ्रष्टाचार के आरोपों वाले नेताओं को मंत्रिमंडल में शामिल करना सही नहीं है।