बचाव कार्य में जुटे भारतीय नौसेना के गोताखोर विस्फोट के बाद सागर में समा गई पनडुब्बी आईएनएस सिंधुरक्षक से सोमवार को एक और शव निकालने में कामयाब हुए हैं।
जब इसमें धमाके हुए तब इस पनडुब्बी में तीन अधिकारियों समेत 18 नौसैनिक थे। अब तक गोताखोर सात शव निकालने में सफल रहे हैं। सभी शव बुरी तरह से झुलसे हुए हैं।
नौसेना के सूत्रों के अनुसार सोमवार को निकाले गए शव को भी पोस्टमार्टम के लिए जे जे हॉस्पिटल ले जाया गया।
रिपोर्ट के अनुसार गोताखोर पनडुब्बी का अगला दरवाजा भी खोलने में सफल रहे हैं। यह दरवाजा विस्फोट के बाद जाम हो गया था।
दुर्घटनाग्रस्त सिंधुरक्षक के सभी कंपार्टमेंट में पानी भरा है और शवों की तलाश में गोताखोर अभी भी जुटे हैं।
नौसेना के मेडिकल अधिकारियों ने पनडुब्बी से निकाले गए शवों के डीएनए सैंपलिंग के बाद अब उनके परिजनों के रक्त के नमूने लेने शुरू कर दिए हैं। जिससे शवों की पहचान की जा सके और उन्हें उनके परिजनों को सौंपा जा सके।