शुक्रवार की सुबह मुंबई के सांताक्रुज इलाके में सात माले की रेजीडेशियल बिल्डिंग पांच सेकेंड में धराशायी हो गई। इस हादसे में अब तक छह लोगों की मौत हो चुकी है। मलबे में दबे अन्य लोगों को निकलाने की प्रक्रिया जारी है। कुछ घायलों को वी.एन. देसाई अस्पताल में भर्ती कर दिया गया है।
शंकर लोक नाम की इस बिल्डिंग की हालत जर्जर होने की वजह से 2007 में इसे खाली कराने का नोटिस भी जारी किया गया था।
इसके ग्राउंड फ्लोर पर केसरकर और जगताप परिवार रहता था। जिन्होंने खाली कराने के नोटिस को हाईकोर्ट में चुनौती दी थी और कोर्ट ने उन्हें यहां रहने की इजाजत दे दी थी।
हालांकि कोर्ट ने यह भी कहा था कि यहां कोई हादसा होने पर न तो बीएमसी और न ही सरकार जिम्मेदार होगी।
इस हादसे में इमारत के करीब बसी बस्ती के कुछ लोगों के दबे होने की भी आश्ांका जताई जा रही है। इमारत की स्थिति को देखकर बीएमसी ने इस बस्ती को भी खाली कराने के निर्देश दिए थे। मौके पर पहुंची फायरब्रिगेड की टीम अपनी कार्रवाई में जुटी है। मलबे में दबे लोगों को निकालने की कोशिश जारी है।