पांच साल पहले धर्मांतरण कर तीन बच्चों समेत हिंदू से मुस्लिम बनाए गए गढ़ी कांगरान के युवक ने सोमवार शाम बड़ौत की पंचवटी धर्मशाला में परिवार सहित विधि-विधान के साथ हिंदू धर्म में वापसी कर ली। उसके साथ ही उसकी दूसरी बीवी रूबी और उसकी बेटी मन्तशा ने मुस्लिम धर्म त्यागकर हिंदू धर्म अपना लिया।
विश्व हिंदू परिषद ने इनके शुद्धिकरण कार्यक्रम का आयोजन कर यज्ञ-हवन का आयोजन किया। युवक और उसके बेटों को जनेऊ धारण भी कराए गए। इससे पहले इन सभी लोगों ने एसडीएम कार्यालय में शपथ पत्र देकर कहा कि वे अपनी मर्जी से हिंदू धर्म में वापसी कर रहे हैं।
धर्मांतरण करने वाला यह युवक शीशपाल शर्मा (40) से मोहम्मद अब्दुल्ला बन गया था। उसके बच्चों के नाम भी बदल दिए गए थे। उसके बड़े बेटे मुकुल शर्मा (15) को सलमान, छोटे शिवम को समीर (11), बेटी तनु (09) को आयशा नाम दे दिया गया था।
विहिप ने पूरे परिवार का शुद्धिकरण कराया
उसने पिछले साल ही बिहार की राजधानी पटना की महिला रूबी (25) से शादी की थी। रूबी की पहले पति से मन्तशा (01) नाम की बेटी है। शुद्धिकरण कार्यक्रम में रूबी ने मंतशा समेत हिंदू धर्म अपना लिया।
उसका पहले से कहना था कि वह अपने पति के साथ रहेगी, जो उसका धर्म होगा, वही अपनाएगी। उसे नया नाम सरिता शर्मा दिया गया। उसकी बेटी मंतशा का नाम हो गया पूजा। शीशपाल का नाम अब्दुल्ला से फिर से शीशपाल शर्मा हो गया।
इसी तरह बेटे सलमान से मुकुल, समीर से शिवम और बेटी आयशा से तनु हो गए। यज्ञ आलोक आर्य व विहिप के अजब सिंह शास्त्री ने संपन्न कराया। इसमें शीशपाल शर्मा के पूरे परिवार ने आहूति दी। मंत्रोच्चारण के बीच उनका शुद्धिकरण किया गया।
इस अवसर पर सतीश जैन, अमित जैन, सचिन जैन, बाबू राम, रवि पालीवाल, आकाश बंसल, राकेश पांचाल, अजय तोमर, भूषण प्रकाश, सुखमाल उपस्थित रहे।
रहने की व्यवस्था करेगी विहिप
विहिप के जिलाध्यक्ष सहदेव सिंह ने बताया कि अभी इस परिवार को विहिप अपने संरक्षण में रखेगी। इनके रहने के लिए व्यवस्था की जाएगी। इन सभी लोगों को पूरा मान सम्मान मिलेगा। इन्हें किसी चीज की कमी नहीं होने दी जाएगी।
इसमें कुछ गलत नहीं: सीओ
सीओ बड़ौत सीपी सिंह का कहना है कि अगर कोई अपनी मर्जी से किसी धर्म में वापसी करता है, तो इसमें कुछ गलत नहीं है। रूबी और मन्तशा के धर्म परिवर्तन पर उनका कहना था कि यह भी मर्जी से हुआ है, किसी के दबाव में नहीं।
पापा, हमें स्कूल में पढ़ना है
मुकुल से सलमान और सलमान से फिर मुकुल बने शीशपाल शर्मा के बड़े बेटे का कहना है कि वह मदरसे में नहीं, स्कूल में पढ़ना चाहता है। उसे मदरसे में कुछ भी अच्छा नहीं लगता था। उसने कई बार भागने की कोशिश की लेकिन कामयाब नहीं हुआ। एक बार तो भाग भी गया, लेकिन स्टेशन पर पकड़ा गया। उसने कहा कि उसके भाई बहन भी स्कूल में पढ़ना चाहते हैं।