आतंकी अजमल कसाब को गोपनीय तरीके से फांसी दिए जाने के साथ ही पाकिस्तान के आंतरिक सुरक्षा मंत्री रहमान मलिक की प्रस्तावित भारत यात्रा टाले जाने का सच भी सामने आ गया है। हालांकि गृहमंत्री सुशील कुमार शिंदे ने कहा है कि मलिक की यात्रा रद्द करने का कारण संसद का शीतकालीन सत्र है।
मलिक की भारत यात्रा 22 व 23 नवंबर को प्रस्तावित थी, लेकिन बीते सप्ताह भारत सरकार की ओर से मलिक को यात्रा टालने के लिए कह दिया गया था। हालांकि मलिक इस यात्रा को लेकर बेहद उत्साहित थे। वह भारत सरकार से मुंबई हमलों की जांच के सिलसिले में अपने देश में हुई प्रगति की जानकारी देने और नए वीजा संधि को अंतिम रूप देने के लिए भारत आना चाहते थे।
कसाब को फांसी दिए जाने के बाद शिंदे ने कहा कि राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी द्वारा कसाब की दया याचिका खारिज किए जाने के बाद उन्होंने सात नवंबर महाराष्ट्र सरकार को उसकी फांसी की सिफारिश का पत्र भेज दिया था। इसके तुरंत बाद कसाब को 21 नवंबर को फांसी दिए जाने की निर्णय लिया गया था, लेकिन उन्होंने अपनी ही बात का खंडन करते हुए यह भी कहा कि मलिक की यात्रा टालने का कसाब की फांसी से कोई लेना देना नहीं है।