गुजरात के मुख्यमंत्री नरेंद्र मोदी के भगवान कृष्ण के जरिए यादव समाज पर डोरे डालने के बाद अब राष्ट्रीय जनता दल ने मोदी को यादवों से दूर रहने की सलाह दी है।
भाजपा के पीएम पद के उम्मीदवार नरेंद्र मोदी ने रविवार को बिहार में 'हुंकार रैली' के दौरान लालू यादव की तारीफ की और यादवों से गहरा नाता होने की बात कही थी।
इस पर बिहार की पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी ने नाराजगी जाहिए की है। उन्होंने सोमवार को नरेंद्र मोदी को सलाह देते हुए कहा कि मोदी बिहार के बदले गुजरात पर ध्यान दें। वो यादवों को लुभाने की कोशिश न करें।
नरेंद्र मोदी ने रैली में भाषण के दौरान लालू यादव की तीन महीने पहले हुई दुर्घटना का जिक्र करते हुए कहा कि लालू उन्हें गाली देने का एक मौका नहीं छोड़ते, लेकिन जब उनके साथ दुर्घटना हुई तो उन्होंने फोन पर लालू का हालचाल पूछा था। मोदी ने कहा कि लालू ने मीडिया को भी बताया कि जिसे वह गाली देते हैं, उसने उनका हालचाल पूछा।
इस पर नरेंद्र मोदी ने आगे कहा, 'मैंने कहा लालू जी, यदुवंश के राजा श्री कृष्ण भगवान हमारे गुजरात के द्वारका में बसे थे। यदुवंश से हमारा नाता है। द्वारका आपकी धरती है। हमारा प्रेम जगना स्वाभाविक है। मैं यदुवंश से जुड़े सभी भाइयों-बहनों को कहना चाहता हूं, कृष्ण भगवान के वंशजों को कहना चाहता हूं। मैं द्वारका नगरी से कृष्ण भगवान का आशीर्वाद लेकर आया हूं। आपकी चिंता मैं करूंगा, ये मेरा वादा है।'
लालू के जेल जाने से यादवों पर नजर
राष्ट्रीय जनता प्रमुख लालू प्रसाद यादव सांप्रदायिकता के नाम पर भारतीय जनता पार्टी का विरोध करते रहे हैं। उन्होंने नरेंद्र मोदी की पीएम पद की उम्मीदवारी का भी विरोध किया था। लेकिन चारा घोटाला मामले में दोषी पाए जाने के बाद जब से लालू को 5 साल की जेल हुई है तब से बीजेपी की नजर लालू के यादव वोटबैंक पर है।
बीजेपी को लगता है कि लालू के नहीं रहने से राष्ट्रीय जनता दल बिखर जाएगी और अगर वो यादव वोटरों को अपनी ओर खींचने में कामयाब हुए तो बिहार में उनके सीटों की संख्या काफी बढ़ सकती है। इसी कारण से आज की रैली में मोदी ने भगवान कृष्ण के बहाने यादव समाज पर डोरे डाले और राबड़ी देवी ने इस पर एतराज जताया।