भाजपा के वरिष्ठ नेता लालकृष्ण आडवाणी ने कहा है कि महापुरुषों को लेकर दलगत राजनीति नहीं की जानी चाहिए।
उन्होंने यह बात जनसंघ के संस्थापक श्यामा प्रसाद मुखर्जी की पुण्य तिथि पर संसद में आयोजित पुष्पांजलि अर्पण समारोह में शिरकत करने के बाद कही।
दरअसल इस समारोह में किसी भी कांग्रेसी ने उपस्थिति दर्ज नहीं कराई। भाजपा मुख्यालय में निराशा जताते हुए आडवाणी ने कहा, मैं नहीं जानता कि क्या यह कांग्रेस का रवैया है।
अगर यह गलती है तो कांग्रेस को उसे सुधारना चाहिए। लेकिन अगर ऐसा जानबूझ कर हुआ है तो यह दुखद है।
उन्होंने कहा कि देश पहले प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू ने महात्मा गांधी के कहने पर श्याम प्रसाद मुखर्जी और भीम राव अंबेडकर को अपने मंत्रिमंडल में शामिल किया था, जबकि ये दोनों नेता पूर्व में कांग्रेस की नीतियों के आलोचक थे और कांग्रेस से संबंधित नहीं थे।