गुड़गांव के चीफ ज्यूडीशियल मजिस्ट्रेट (सीजेएम) रवनीत गर्ग की पत्नी गीतांजलि की हत्या के मामले में जज खुद ही कानून के घेरे में आ गए हैं।
रवनीत गर्ग पर ही अपनी पत्नी की हत्या का आरोप लगा है। पुलिस ने रवनीत गर्ग के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कर लिया है।
रवनीत के साथ ही गीतांजलि की सास और ससुर पर भी केस दर्ज कर किया गया है।
गुरुवार को गीतांजलि का शव गुड़गांव में ही पुलिस लाइन के पास मिला था।
पहले इसे आत्महत्या माना जा रहा था लेकिन पोस्टमॉर्टम के बाद हत्या की बात सामने आई थी।
पोस्टमॉर्टम में गीतांजलि को तीन गोलियां लगे होने की बात सामने आई थी। उन्हें गले के पास, सीने और जांघ पर गोलियां लगी थीं। साथ ही सिर पर पीछे से मारने के निशान भी दिखे हैं।
गीतांजलि के परिजनों को पहले से ही हत्या का शक था।
परिजनों ने आरोप लगाया है कि दो बेटियों के जन्म के बाद से ही ससुराल वाले गीतांजलि को परेशान करते थे। वह बेटा चाहते थे और इसलिए उन्होंने गीतांजलि की हत्या कर दी।
पांच सदस्यों वाली स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (एसआईटी) इस मामले की जांच कर रही है।
गीतांजलि का शव उनके परिजनों को सौंप दिया गया है।
घटनास्थल का दोबारा किया मुआयना
जांच के लिए शुक्रवार को एसआईटी की टीम ने दोबारा से घटनास्थल का मुआयना किया। बेलेस्टिक एक्सपर्ट और फारेंसिक एक्सपर्ट की टीम भी साथ थी।
गीतांजलि की बेटियों से नहीं मिलने दिया
गीतांजलि के परिजनों का कहना है कि उन्हें पूरा यकीन है कि उनकी बेटी की हत्या की गई है और इसमें ससुरालवालों का ही हाथ है।
गीतांजलि के भाई ने आरोप लगाया कि उन्हें उनकी भांजियों से नहीं मिलने दिया जा रहा। उनकी दो बेटियां हैं। इनमें एक साढ़े तीन साल की और दूसरी ढाई साल की।
भाई के अनुसार गीतांजलि की बेटी पूनम और गुड्डू कुछ न कुछ राज जरूर उगल देंगी इसीलिए उन्हें मिलने नहीं दिया जा रहा।