हाईकोर्टों और सुप्रीम कोर्ट में जजों की नियुक्ति के मौजूदा कॉलेजियम व्यवस्था को हटाने के लिए लाए जाने वाले बिल पर सरकार ने सभी राजनीतिक दलों से मशविरा शुरू कर दिया है।
कानून मंत्री रविशंकर प्रसाद ने प्रमुख राजनीतिक दलों के नेताओं को चिट्ठी लिख कर सीनियर जजों की नियुक्ति के लिए एक कानून की जरूरत पर सलाह मांगी है।
सरकार ने यह पहल यूपीए सरकार की ओर से मद्रास हाई कोर्ट के एक जज को सेवा विस्तार देने के लिए सुप्रीम कोर्ट के कॉलेजियम पर दबाव बनाने के खुलासे के बाद तेज कर दी है। इस जज पर भ्रष्टाचार के आरोप लगते रहे थे।