एनसीपी ने कहा है कि महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री और पार्टी नेता अजीत पवार के सूखे को लेकर दिए गए विवादास्पद बयान का अध्याय खत्म हो चुका है और इसको लेकर उनके इस्तीफे का सवाल ही नहीं उठता है।
पार्टी प्रमुख और केंद्रीय कृषि मंत्री शरद पवार, उनकी सांसद बेटी सुप्रिया सुले और अन्य पार्टी नेताओं की शुक्रवार को यहां पर एक बैठक हुई।
बैठक के बाद प्रदेश पार्टी प्रमुख मधुकर ने कहा कि हमारे लिए यह अध्याय बंद हो चुका है। अजीत पवार पहले ही माफी मांग चुके हैं और ऐसे में उनके इस्तीफे का सवाल ही नहीं उठता है।
उन्होंने कहा कि मनसे प्रमुख राज ठाकरे सार्वजनिक रूप से कई बार विवादास्पद बयान दे चुके हैं। विपक्षी दल अजीत पवार के बयान को लेकर राजनीति कर रहे हैं और एनसीपी इसका राजनीतिक जवाब देगी।
विपक्ष की ओर से अपने इस्तीफे की मांग के बीच अजीत ने बृहस्पतिवार को कहा था कि वह इस बारे में कोई भी निर्णय पार्टी विधायकों से चर्चा के बाद ही लेंगे। अजीत पवार को निशाना बनाए जाने पर पूछे गए एक सवाल पर सुप्रिया सुले ने कहा कि यह दुर्भाग्यपूर्ण है।
महाराष्ट्र विधानसभा में अजीत के इस्तीफे को लेकर विपक्ष द्वारा कार्यवाही को बाधित किए जाने पर सुले ने कहा कि यह राज्य का मसला है। मुझे विश्वास है कि विधानसभा अध्यक्ष दिलीप वालसे पाटिल इससे निपटने में सक्षम हैं। वहीं दूसरी ओर सरकार में एनसीपी के बड़े सहयोगी दल कांग्रेस का कहना है कि इस बारे में एनसीपी को फैसला करना है।