डीडीसीए में कथित घोटाले पर विकिलीक्स फॉर इंडिया के साथ मिलकर भाजपा सांसद कीर्ति आजाद ने प्रेस कांफ्रेंस कर इस मामले का पूरा वीडियो जारी किया। आजाद का आरोप है कि जिस दौरान अरुण जेटली DDCA के अध्यक्ष थे उस दौरान पिछले 10 साल में डीडीसीए में 400 करोड़ रुपए से ज्यादा की हेराफेरी हुई। कीर्ति आजाद ने वित्त मंत्री की ओर इशारा करते हुए कहा कि उनकी लड़ाई किसी व्यक्ति विशेष से नहीं बल्कि भ्रष्टाचार के खिलाफ है।
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कीर्ति आजाद ने जो वीडियो दिखाया उसमें दावा किया गया कि जिन कंपनियों को ठेके दिए गए वो वास्तव में अस्तित्व में ही नहीं हैं। जब दस्तावेजों में दिए गए पते पर विकिलीक्स फॉर इंडिया के लोग पहुंचे तो पाया कि वहां कोई मौजूद ही नहीं था। यानि फर्जी पते की 14 कंपनियों को काम के टेंडर दिए गए थे। इतना ही नहीं बिना किसी जांच के ही इन कंपनियों को भुगतान जारी किए गए।
कीर्ति आजाद का आरोप है कि बिलों को पास कराने के लिए एग्जिक्युटिव स्तर तक की कोई बैठक नहीं की गई। विकिलीक्स फॉर इंडिया के इस वीडियों में एक ऐसा हिस्सा भी है जिसमें कीर्ति आजाद और अरुण जेटली के बीच एक मीटिंग में बहस होती है जो काफी लंबी चलती है। डीडीसीए की वार्षिक बैठक के इस वीडियो में कीर्ति आजाद अरुण जेटली की एक कंपनी और उसके लेखे-जोखे पर गंभीर सवाल खड़ा कर रहे हैं।
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कीर्ति आजाद भरी मीटिंग में आरोप लगाते हैं कि ऐसे कई बिल हैं जिनमें अरुण जेटली के फर्जी हस्ताक्षर किए गए हैं। चौंकाने वाली बात ये है कि इस वीडियो में दिखाया गया है कि एक प्रिंटर के लिए प्रतिदिन का 3000 रुपये का किराया दिया गया है साथ ही 16900 रुपये के किराए पर लैपटॉप लिए गए।
विरोध के बीच रिहा हुआ निर्भया का गुनाहगार
पूरे देश को हिलाकर रखने वाले वसंत विहार गैंगरेप के दोषी ठहराए गए नाबालिग को सुधार गृह से रिहा कर दिया गया। नाबालिग के मूल बदायूं स्थित गांव के लोगों द्वारा उसे स्वीकार करने से इंकार के बाद उसके रिस्तेदारों ने भी उसे अपने पास रखने से मना कर दिया।
जनक्रोश को देखते हुए कि सुधार गृह से बाहर निकलते ही कहीं उसकी हत्या न हो जाए पुलिस उसकी सुरक्षा को लेकर चिंतित है। फिलहाल वह उसे कागजों में ही रिहा किया गया है और वह अब भी पुलिस की सुरक्षा में है। बताया जा रहा है कि पुलिस ने उसकी सुरक्षा करने के लिए एक एनजीओं को सौंप दिया है और जब नाबालिग कहीं जाने की इच्छा नहीं जताता तो उसे वहीं रखा जाएगा।
उधर दिल्ली महिला आयोग द्वारा सर्वोच्च न्यायालय में शनिवार की देर रात्रि दायर विशेष अनुमति याचिका के आधार पर भी अवकाशकालीन खंडपीठ ने रिहाई पर रोक लगाने से इंकार कर दिया था।
कीर्ति पर जेटली ने लगाए गंभीर आरोप
दिल्ली के कोटला मैदान के निर्माण में कथित तौर पर हुई धांधली की जांच की मांग करने वाले सांसद कीर्ति आजाद पर वित्त मंत्री अरुण जेटली ने निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि यूपीए सरकार के दौरान सांसद ने सोनिया गांधी से मिलकर मेरे खिलाफ जांच करने की मांग की थी।
अखबार टाइम्स ऑफ इंडिया के मुताबिक जेटली ने कहा, 'हमारे एक सांसद ने कांग्रेस सरकार को पत्र लिखा था, वो सोनिया गांधी से भी मिले थे। सोनिया गांधी और उन्होंने कहा था कि हम जेटली को निपटा देंगे।' हालांकि, इस दौरान उन्होंने कीर्ति आजाद का नाम नहीं लिया। लेकिन दरभंगा से सांसद आजाद जिस तरह से डीडीसीए में हुए घोटाले की जांच की मांग कर रहे हैं उसको देखते हुए यह साफ होता है कि ये इशारा उन्हीं के लिए हो सकता है।
वहीं आजाद-कांग्रेस की साठगांठ पर जेटली ने कहा, '2013 में गंभीर धोखाधड़ी जांच कार्यालय (एसएफआईओ) की जांच में कंपनी में केवल प्रक्रियात्मक अनियमितताएं ही सामने आई थी। कोई गंभीर धोखाधड़ी का मामला सामने नहीं आया। इसके लिए मुझे (जेटली) दोषी नहीं ठहराया गया था। जांच के बाद यह मामला बंद हो गया।'
साथ ही जेटली ने आप के उनपर लगाए आरोपों को भी खारिज कर दिया। गौरतलब है कि केजरीवाल के प्रधान सचिव के दफ्तर पर छापे के बाद से ही जेटली आप के निशाने पर हैं और वह आजाद के साथ जेटली के खिलाफ उनके सुर में सुर मिला रहे हैं।
नेशनल कबड्डी प्लेयर की गोली मारकर हत्या
हरियाणा के रोहतक में नेशनल कबड्डी प्लेयर दीपक हुड्डा की गोली मारकर हत्या कर दी गयी है। वारदात रोहतक-लाढ़ौत रोड पर अंजाम दी गई। अभी तक हत्या के कारणों का पता नहीं चल पाया है और परिजन भी किसी से रंजिश या दुश्मनी से इंकार कर रहे हैं।
पुलिस ने अज्ञात के खिलाफ 302 के तहत मामला दर्ज करके जांच शुरू कर दी है। बीती शाम दीपक अपने दोस्त के साथ बैठा था। इस दौरान दो अन्य युवक आए और गन्ने लाने की बात कहकर उसे अपने साथ रोहतक ले गए। जहां वह रोहतक-लाढ़ौत रोड पर घायल अवस्था में मिला और पीजीआई ले जाते हुए उसने दम तोड़ दिया। उसके सिर में गोली लगी थी।
बताया जा रहा है कि दीपक घायल अवस्था में सड़क पर पड़ा तड़पता रहा। उसने अपने भाई कालू को खुद फोन कर घटना के बारे में बताया। कालू और परिवार वाले तुरंत घटनास्थल पर पहुंचे और उसे पीजीआई ले गए, लेकिन उसने रास्ते में ही दम तोड़ दिया।
गौरतलब है कि 23 वर्षीय दीपक नेशनल लेवल पर हरियाणा स्टाइल कबड्डी खेलता था और एमडीयू यूनिवर्सिटी की कबड्डी टीम का कप्तान है।
पटरी से उतरे आम्रपाली एक्सप्रेस के 7 डिब्बे
बिहार के कटिहार से अमृतसर जाने वाली आम्रपाली एक्सप्रेस की 7 बोगियां पटरी से उतर गई। इस दुर्घटना में अभी तक किसी के हताहत होने की कोई खबर नहीं। रेलवे के मुताबिक दुर्घटना के समय ट्रेन की रफ्तार बेहद कम होने की वजह से बड़ा हादसा नहीं हूआ।
यह दुर्घटना उस वक्त हुई जब आम्रपाली एक्सप्रेस बिहार से खगड़िया के नजदीक पसराहा स्टेशन पहुंची। उसी वक्त उसके 7 डिब्बे पटरी से उतर गए। रेलवे के अनुसार ट्रेन की पांच रिजर्व और दो एसी बोगियां पटरी से उतरी हैं।
रेलवे सूत्रों के मुताबिक जिस वक्त ट्रेन की बोगियां पटरी से उतरी उस वक्त उसकी गति महज 10 से 15 किमी प्रति घंटा ही थी जिसकी वजह से बड़ा हादसा टल गया। कटिहार से बरौनी तक सिंगल ट्रैक होने की वजह से वह रूट पूरी तरह से ठप्प हो गया है।
व्यापम घोटाले के आरोपी और मध्य प्रदेश के पूर्व उच्च और तकनीकी शिक्षा मंत्री लक्ष्मीकांत शर्मा को रविवार को जमानत पर रिहा कर दिया गया। शर्मा करीब 18 महीनों से जेल की सजा काट रहे थे। जेल से छूटने के बाद शर्मा ने कहा, 'भगवान की कृपा है कि मैं 18 महीने तक एक सामान्य कैदी के रूप में जेल में रह पाया।
जांच एजेंसी और न्यायालय पर विश्वास। संकट की घड़ी में प्रदेश के लोगों ने मेरी हौसला अफजाई की है।' मध्य प्रदेश सरकार में उच्च पद पर रहते हुए व्यावसायिक भर्ती परीक्षाओं में धांधली के आरोप में शर्मा को पिछले साल के जून महीने में जेल भेजा गया था। उनके खिलाफ सात मामलों के तहत केस दर्ज किया गया था जिसमें से छह मामलों में उन्हें पहले ही जमानत मिल चुकी थी। लेकिन अंतिम मालमे में जमानत लेने में उन्हें काफी वक्त लग गया।
व्यावसायिक परीक्षा चयन बोर्ड में बड़े पैमाने पर हुई हेराफेरी और इससे जुटे लोगों की लगातार हो रही मौत की वजह से यह मामला चर्चा में आया था। घोटाले की लपटों से शिवराज सिंह चौहान भी खुद को नहीं बचा पाए जिसकी वजह से उन्हें सुप्रीम कोर्ट से सीबीआई जांच कराने की मांग की थी।