कांग्रेस की तरफ से आलोचना के घेरे में आए गुजरात के मुख्यमंत्री नरेंद्र मोदी ने उत्तराखंड बाढ़ पीड़ितों के लिए मुख्यमंत्री राहत कोष में तीन करोड़ रुपए अतिरिक्त देने का एलान किया है।
इसके साथ ही मोदी ने उत्तराखंड के मुख्यमंत्री विजय बहुगुणा के नाम लिखे एक पत्र में राज्य को तीन स्तर पर मदद पहुंचाने की पेशकश की है।
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इनमें पीड़ितों को चिकित्सा सुविधा, लंबे समय तक चलने वाले पुनर्वास और पुनर्निमाण कार्यों में मदद और बाढ़ में टूट चुके केदारनाथ मंदिर के पुनर्निमाण में सहायता की बात कही गई है।
दो करोड़ पर सुनने पड़े थे ताने
इससे पहले 19 जून को मोदी ने गुजरात की ओर से बाढ़ प्रभावितों को दो करोड़ रुपए देने की घोषणा की थी। अन्य राज्यों से बेहद कम सहायता राशि देने पर कांग्रेस ने मोदी की जमकर आलोचना की थी।
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आपदा के बाद उत्तर प्रदेश सरकार ने 25 करोड़ रुपए दिए थे और कांग्रेस शासित हरियाणा, दिल्ली सरकार और महाराष्ट्र सरकार ने बाढ़ पीड़ितों के लिए 10-10 करोड़ रुपये दिए।
इस बार भी नहीं बचे मोदी
तीन करोड़ रुपए और देने के बाद कांग्रेस ने बुधवार को फिर मोदी को आड़े हाथों लिया। कांग्रेस प्रवक्ता पीसी चाको ने कहा कि मोदी प्राकृतिक आपदा को सांप्रदायिक रूप दे रहे हैं। यह उनका अधिकार नहीं कि वह उत्तराखंड में किसका निर्माण करेंगे।
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उन्होंने कहा कि उत्तराखंड के सीएम यह साफ कर चुके हैं कि राज्य सरकार जल्द ही केदारनाथ और अन्य बाढ़ प्रभावित इलाकों में दोबारा निर्माण करेगी।
अनुभव साझा करना चाहते हैं
अपनी मदद के पीछे मोदी ने कारण बताया है कि गुजरात में आए 2001 के भूकंप के दौरान पूरे देश ने गुजरात की मदद की थी। इसलिए आज हम पूरे देश की मदद करना चाहते हैं।
साथ ही कहा है कि भूकंप से आई तबाही के बाद हमने पुनर्वास और पुनर्निर्माण कार्यों से जो अनुभव प्राप्त किया है, वो उत्तराखंड के काम आ सकता है।