भाजपा के पीएम पद के उम्मीदवार नरेंद्र मोदी ने सोमवार को यूपी में बाप-बेटे के राज, चाचा-भतीजे के कारोबार से लेकर दिल्ली में मां-बेटे की यूपीए गठबंधन वाली सरकार को निशाने पर लिया। सपा-बसपा- कांग्रेस को एक ही थैली के चट्टे-बट्टे की संज्ञा दी।
कहा कि यूपी में दिखाने के लिए नूराकुश्ती होती है और दिल्ली में मैडम थाली परोसती हैं और सपा-बसपा के लोग खाते हैं। बचपन में कभी भूखे पेट सोने की अपनी कहानी बताकर जहां उन्होंने जनता के मर्म से सीधा नाता जोड़ा, वहीं राहुल के गरीब प्रेम पर जमकर चटखारे लिए।
कहा कि बहुत हो चुका अब हिंदुस्तान के रुपये पर किसी का पंजा नहीं पड़ेगा। भाजपा को तीन सौ से अधिक सीटें दिलाकर बहुमत में लाइए, मैं आपको मजबूत हिंदुस्तान दूंगा।
राजनीतिक पंडितों की भविष्यवाणी का क्या होगा?
टीडी कॉलेज के मैदान में करीब घंटे भर विलंब से दोपहर दो बजे पहुंचे मोदी चिलचिलाती धूप में उमड़ी भीड़ का उत्साह देख अपनी खुशी छिपा नहीं सके। बोले कि इस बार दिल्ली के एसी कमरों में बैठकर सीटों का गणित लगाने वाले राजनतिक पंडित फेल हो जाएंगे।
असलियत देखनी हो तो वो यहां आकर जनसैलाब देखें। जनता का रुख बता देगा कि क्या होने वाला है। उन्होंने अपने राजनीतिक तजुर्बे से बताया कि इस बार का चुनाव अंक गणित का नहीं, बल्कि सवा सौ करोड़ लोगों की केमेस्ट्री का है। यहां एक -एक मिलाकर दो का गणित नहीं लगेगा, बल्कि केमेस्ट्री के फामूर्ले से एक और एक 11 हो जाएगा।
देश भर के दौरे के अनुभव के आधार पर मोदी ने दावा किया कि इस बार कई राज्यों में कांग्रेस का खाता खुलना मुश्किल हो जाएगा। एक भी ऐसा राज्य नहीं होगा, जहां से कांग्रेस नौ सीटों का आंकड़ा पार कर सके।
राजीव गांधी के जमाने में कांग्रेस का भृष्टाचार
इतना ही नहीं, सपा-बसपा भी इसी नौ के आंकड़े तक सिमट जाएंगी। कांग्रेस, सपा, बसपा तीनों को उन्होंने एक ही थैली का चट्टा-बट्टा बताया। कहा कि लखनऊ में नूराकुश्ती का नाटक होता है और दिल्ली में दोस्ती हो जाती है।
ये लूट का माल बांटने वाले आपका भला नहीं कर सकते। 10 साल में सिर्फ हिंदुस्तान को लूटा गया है। सीएजी के आंकड़े लिखना शुरू कर देंगे तो जौनपुर से शुरू होगा और दस जनपथ तक चला जाएगा।
मोदी ने राहुल के पिता राजीव गांधी के उस बयान का हवाला दिया जिसमें उन्होंने कभी कहा था कि केंद्र से एक रुपया चलता है तो गांव तक जाते-जाते घटकर 15 पैसा हो जाता है। मोदी ने कहा कि राजीव जब पीएम थे तब नीचे से ऊपर तक कांग्रेस की ही सरकार थी।
राहुल और सोनिया गांधी से मोदी का सवाल
राहुल भैया... आपकी माता जी बताएं कि वह कौन सा पंजा था जो रुपये को घिसकर 15 पैसा कर देता था। मोदी ने जनता से अपील की कि मुझे चौकीदार बनाइए, मैं देश का रुपया लूटने नहीं दूंगा। तिजोरी पर गरीब का अधिकार है। जब चुनाव आता है तब राहुल जी को गरीबों की याद आती है।
बच्चे जिस तरह परीक्षा के समय भगवान को रटते हैं उसी तरह राहुल चुनाव के समय गरीबों का नाम रट रहे हैं। ये सोने का चम्मच लेकर पैदा हुए हैं, इन्हें क्या मालूम गरीबी क्या चीज होती है। जैसे कभी लोग ताजमहल देखने के बाद उसकी खूबसूरती बयां करते हुए फेसबुक पर फोटो अपलोड करते हैं, उसी तरह वर्ष में एक बार गरीबों को देखकर राहुल उनके साथ फोटो खिंचवाते हैं।
किसी गरीब की चारपाई पर बैठकर या उसका बच्चा गोद में लेकर। मोदी ने कहा कि हम तो पैदा भी गरीबी में हुए और पले भी गरीबी में हैं। मुझे याद है जब रात को खाना नहीं मिलता था, भूखे पेट नींद नहीं आती थी और मां रो-रो कर सुलाती थी। वो महलों में पैदा हुए हैं। आप मुझे आशीर्वाद दीजिए। मैं आपको मजबूत हिंदुस्तान दूंगा।