इंदौर की रैली का 'रहस्योद्घाटन' कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी की दुखती रग बन गया है। ये संयोग ही है कि राजनीति के दो धुर विरोधियों नरेंद्र मोदी और आजम खां ने आज राहुल गांधी पर एक साथ निशाना साधा और दोनों ने उनसे एक ही सवाल पूछा।
मोदी और आजम ने राहुल से पूछा कि वे उन मुस्लिम युवाओं का नाम बताएं, जिन्होंने आईएसआई से संपर्क किया है या देश से माफी मांगे।
झांसी में आयोजित विजय शंखनाद रैली में भाजपा के प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार नरेंद्र मोदी ने राहुल गांधी की ओर इशारा करते हुए कहा कि शहजादे कहते हैं कि आईएसआई मुजफ्फरनगर तक पहुंच गई है। मुजफ्फरनगर के दंगा पीड़ित आईएसआई के संपर्क में है।
मोदी ने पूछा कि देश में सरकार कांग्रेस की है, फिर आईएसआई कैसी उनकी नाक के नीचे से यूपी में पैर पसार रही है?'
मोदी ने कहा कि राहुल का बयान देश की सुरक्षा के लिए खतरा है। इंटेलिजेंस अफसर कैसे
उनसे खुफिया जानकारी साझा कर सकते हैं। मोदी ने कहा कि राहुल गांधी उन लोगों के नामों का खुलासा करें, जिन्होंने आईएसआई से संपर्क किया।
आजम ने भी पूछा यही सवाल
यूपी सरकार में कैबिनेट मंत्री आजम खां ने भी राहुंल गांधी से यही सवाल पूछा।
उन्होंने कहा कि राहुल गांधी उन युवकों के नामों का खुलासा करें, जिन्होंने आईएसआई से संपर्क किया था। उत्तर प्रदेश की सपा सरकार उन युवकों खिलाफ उचित कानूनी कार्रवाई करेगी।
आजम ने कहा कि राहुल आरएसएस की भाषा बोल रहे हैं। उन्होंने कहा कि यूपी सरकार के पास ऐसी कोई खुफिया जानकारी नहीं है कि मुजफ्फरनगर के दंगा पीड़ित आईएसआई के सपंर्क में हैं।
क्या कहा था राहुल गांधी ने
कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी ने इंदौर की रैली में कहा था कि पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई मुजफ्फरनगर पीड़ितों के संपर्क में है।
राहुल ने कहा कि मुजफ्फरनगर के 10-15 लड़के हैं, जिनके भाई-बहन दंगों में मारे गए हैं, उनसे पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी के लोग बात कर रहे हैं।
गौरतलब है कि राजस्थान की सभाओं में राहुल गांधी ने एक दिन पहले ही कहा था कि भारत के कुछ मुसलमान पाकिस्तान जाना चाहते हैं।